दिल्ली. एक स्टिंग आपरेशन में दावा किया गया है कि भारत और श्रीलंका के बीच पिछले साल खेले गए टेस्ट मैच में मैच फिक्सरों के निर्देश पर शायद पिच से छेड़छाड़ की गई थी और आईसीसी ने आज मामले की जांच शुरू कर दी. अल जजीरा टीवी नेटवर्क ने दावा किया कि मुंबई के पूर्व प्रथम श्रेणी क्रिकेटर राबिन मौरिस ने स्वीकार किया है कि उसने पिछले साल पिच से छेड़छाड़ के लिये गाले में एक मैदानकर्मी को रिश्वत दी थी. यह स्टिंग आपरेशन कल प्रसारित होगा लेकिन इसकी झलकियां कतर स्थित इस चैनल ने आनलाइन पोस्ट की है. आईसीसी के महाप्रबंधन (भ्रष्टाचार निरोधक ईकाई) एलेक्स मार्शल ने एक बयान में कहा कि हमने अब तक मिली सीमित जानकारी के आधार पर अपने सदस्य देशों के भ्रष्टाचार निरोधक सहकर्मियों के साथ मामले की जांच शुरू कर दी है. उन्होंने कहा कि हमने अनुरोध किया है कि क्रिकेट में भ्रष्टाचार से जुड़े सारे सबूत और सहायक सामग्री हमें मुहैया कराई जाये ताकि हम पूरी जांच कर सके. यह मैच 26 से 29 जुलाई तक भारत और श्रीलंका के बीच गाले में खेला गया था. चैनल ने अपनी वेबसाइट पर दावा किया कि गाले स्टेडियम पर सहायक मैनेजर, मैदानकर्मी थरंगा इंडिका ने कहा कि वह गेंदबाजों या बल्लेबाजों की मददगार पिच बना सकते हैं. अगर आपको स्पिन गेंदबाजी या तेज गेंदबाजी या बल्लेबाजी के लिये मददगार पिच चाहिये तो यह हो जायेगा. क्लीपिंग में 41 बरस के मौरिस ने इंडिका की ओर इशारा करते हुए कहा कि होता यह कि वह और हम ऐसी पिच बना सकते हैं जिस पर जो चाहे वैसा ही होगा. वह मुख्य मैदानकर्मी है और सहायक मैनेजर भी. भारत ने यह मैच 304 रन से जीता. पहली पारी में भारत ने 600 रन बनाये जिसमें शिखर धवन ने 190 और चेतेश्वर पुजारा ने 153 रन का योगदान दिया. दूसरी पारी भारत ने तीन विकेट पर 240 के स्कोर पर घोषित की जिसमें कप्तान विराट कोहली ने नाबाद शतक बनाया. श्रीलंकाई टीम दो पारियों में क्रमश: 291 और 245 रन ही बना सकी और चार दिन में हार गयी. इंडिका ने कथित तौर पर दावा किया कि उसने बल्लेबाजों की मददगार पिच बनाई थी. स्टिंग के वीडियो में उसने कहा कि भारत बल्लेबाजों के लिये मददगार विकेट पर खेला. हमने विकेट को रोलर से पूरी तरह से दबाया और उस पर पानी डालकर कड़ा कर दिया. विवादों से घिरी इंडियन क्रिकेट लीग में खेल चुके मौरिस ने अंडरकवर रिपोर्टर से कथित तौर पर कहा कि वह सट्टा लगाने के लिये उन्हें टिप्स देंगे. उसने यह भी दावा किया कि इस साल नवंबर में इंग्लैंड के श्रीलंका दौरे पर भी इस मैदान पर ‘पिच फिक्सिंग' की जायेगी. श्रीलंकाई क्रिकेट में पिच से छेड़छाड़ विवाद नया नहीं है. 2016 के शुरू में आईसीसी ने गाले के क्यूरेटर जयनंद वार्नवीरा को तीन साल के लिये निलंबित किया था क्योंकि उन्होंने भ्रष्टाचार रोधी इकाई (एसीयू) के साथ सहयोग करने से इनकार कर दिया था. वार्नवीरा तब चल रही जांच के संबंध में दो अलग मौकों पर एसीयू के साथ पूर्व निर्धारित साक्षात्कार के लिये उपस्थित नहीं हुए थे और जांच के संबंध में उनसे मांगे गये दस्तावेज मुहैया कराने में असफल रहे थे. पिछले साल एक भारतीय चैनल ने महाराष्ट्र के पूर्व तेज गेंदबाज और पुणे के क्यूरेटर पांडुरंग सालगांवकर का स्टिंग आपरेशन करके दावा किया था कि उसने न्यूजीलैंड के खिलाफ वनडे में पिच फिक्स करने को मंजूरी दी थी. बाद में आईसीसी एसीयू की जांच में सालगांवकर को क्लीन चिट मिल गई लेकिन सटोरियों से संपर्क की बात आईसीसी को नहीं बताने पर उन्हें निलंबन झेलना पड़ा.