नैनो परियोजना से कार विनिर्माण का हब बना गुजरात: रतन टाटा
गांधीनगर. टाटा समूह के रतन टाटा ने आज कहा कि कंपनी द्वारा गुजरात में अपनी छोटी कार नैनो का कारखाना लगाए जाने से यह राज्य देश में कार विनिर्माण का केंद्र (हब) बन गया. यहां वाइब्रेंट गुजरात शिखर सम्मेलन में टाटा ने खुद को 'गुजराती' बताते हुए कहा कि विदेश में लोग गुजरात व राज्य के बारे में एक ही सुर में बात करते हैं. उन्होंने कहा कि कुछ साल पहले मैंने इस शिखर सम्मेलन में भाग लेते हुए कहा था कि अगर आप गुजरात में नहीं आते तो आप मूर्ख हैं. कुछ साल बाद अब मैं बड़ी संतुष्टि से कहा सकता हूं कि अगर आप गुजरात नहीं आते हैं तो वास्तव में मूर्ख हैं जो कि सबसे तेजी से बढ़ते राज्यों में से एक है. टाटा ने कहा कि गुजरात की प्रतिष्ठा का श्रेय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दृष्टिकोण व सोच को जाता है जो कि 2001 से 2014 तक राज्य के मुख्यमंत्री रहे. उन्होंने कहा कि कुछ साल पहले मुझे हमारे कार कारखाने को गुजरात स्थानांतरित करने का सौभाग्य मिला और शीघ्र ही नरेंद्र मोदी के नेतृत्व के साथ गुजरात भारत में कार विनिर्माण का एक हब बन गया. उल्लेखनीय है कि टाटा ने 2008 में अपनी नैनो कार परियोजना को सिंगूर से साणंद, गुजरात स्थानांतरित किया था. बाद में उसने यहां अन्य कारें बनानी भी शुरु कर दीं. यह अलग बात है कि टाटा के बाद टाटा संस के चेयरमैन रहे साइरस मिस्त्री ने इस परियोजना में निवेश पर बड़े सवालिया निशान खड़े किए.