बीज कंपनी की ओर से किसानों को मिलेगी नुकसान भरपाई

– धोखाधडी करनेवाली कंपनियों को सुमित कोल्हे ने लगाई फटकार

अहमदनगर. सोयाबिन,कपास को हमी भाव न होने के बावजूद खरीफ सत्र के दौरान किसानों ने फसल बोआई करने का साहस किया है. लाकडाउन और निसर्ग चक्रवात तूफान के कारण संकट में होने के बावजूद किसानों ने कर्ज लेकर फसल के लिए बीज की खरीदी की, लेकिन कुछ बीज कंपनियों ने निकृष्ट दर्जे के बीज की बिक्री करने के कारण किसानों द्वारा बोआई करने के बाद भी खेत में फसल नहीं बीज कंपनी और व्यापारियों की इस धोखाधडी के बारे में जानकारी मिलने पर कोपरगांव के संजीवनी फाऊंडेशन के सचिव युवा नेता सुमित कोल्हे ने तुरंत अधिकारियों के साथ किसानों के खेतों में जाकर निरीक्षण किया. कोल्हे द्वारा संबंधित कंपनी के अधिकारी और विक्रेताओं को जोरदार फटकार लगाने पर बीज कंपनी ने किसानों को बुधवार से क्षतिपूर्ति देने का निर्णय घोषित किया है.

क्षतिपूर्ति देने का ऐलान

 सुमित कोल्हे ने बताया कि कोपरगांव तहसील के करंजी परिसर में करीब 50-60 किसानों ने शिंगणापुर के श्री समर्थ एग्रो सर्विसेस और कोपरगांव के मौनगिरी कृषि दीपक इन बीज और कृषि उत्पादनों की दुकानों से लाखों रूपए का ग्रीन गोल्ड सिड्स नामक कंपनी का सोयाबिन का बीज खरीदा. परिसर में अच्छी बारिश होने पर किसानों ने अपने खेतों में करीब 300 एकड क्षेत्र पर बीज की बोआई की थी, लेकिन संबंधित बीज निकृष्ट दर्जा का होने से फसल उग नही पायी. कोरोना संकट,लाकडाउन, चक्रवात तूफान जैसी  लगातार कठीन स्थिति का सामना करनेवाले किसान फिर एक बार संकट में पड गए हैं. इन बातों के मद्देनजर सुमित कोल्हे के फटकार लगाने पर ग्रीन गोल्ड सिड्स नामक कंपनी ने किसानों को बुधवार से क्षतिपूर्ति देने का ऐलान किया.