कोविड से विधवा हो चुकी महिलाओं को सरकारी योजना का लाभ दें, जिलाधिकारी जीतेंद्र पापलकर ने दिए निर्देश

    अकोला. कोविड -19 महामारी से विधवा हो चुकी महिलाओं की खोज लेकर उनका पुनवर्सन करना आवश्यक है. इस विधवा महिलाओं को सरकार की योजनाओं का लाभ प्राथमिकता से देने के निर्देश जिलाधिकारी जीतेंद्र पापलकर ने दिए है. जिलाधिकारी के कक्ष में कृती दल की जायजा बैठक में वे बोल रहे थे.

    इस अवसर पर महिला व बालविकास अधिकारी विलास मरसाले, बाल कल्याण समिति की अध्यक्षा पल्लवी कुलकर्णी, जिला बाल संरक्षण अधिकारी राजु लाडुलकर, परिविक्षा अधिकारी आशीष देऊलकर, संरक्षण अधिकारी सुनील सरकटे, सुनील लाडुलकर, हर्षाली गजभिये, विधि सेवा प्राधिकरण के राजेश देशमुख आदि उपस्थित थे. 

    कोविड से विधवा हो चुकी महिलाओं की खोज लेकर उनको सरकार की संजय गांधी निराधार योजना, इंदिरा गांधी राष्ट्रीय विधवा निवृत्ति वेतन योजना व राष्ट्रीय परिवार लाभ योजना अंतर्गत पात्र महिलाओं को लाभ दें. दोनों पालक खोए बचों को बाल संगोपण योजना के अंतर्गत उनका पालन पोषण, योग्य संरक्षण व संगोपन करने के निर्देश दिए. बाल कल्याण समिति द्वारा जिला व तहसील के कोविड सेंटर में कोविड से मृत्यु की जानकारी के पोस्टर लगाए गए है.

    पालक खोए बच्चों की जानकारी प्रस्तुत की गई है. इस संपर्क मुहिम से जिले के 50 वर्ष आयु वर्ग के नीचे के कोविड से मृत्यु हुए 160 परिवारों से संपर्क साधा है. जिसमें से 35 परिवार में 18 वर्ष के नीचे के 74 बच्चों की खोज ली गई है. जिसमें 56 बच्चे यह बालसंगोपन योजना के लिए पात्र ठहरे है. पात्र बच्चों को बाल संरक्षण योजना के अंतर्गत लाभ दी जाएगी. यह जानकारी महिला व बालविकास अधिकारी विलास मरसाले ने दी है.