Vegetable prices raged, market started, but inward decline

अकोला. सब्जियों को पकाने से पहले धोना जरूरी रहता है लेकिन इस समय बारिश के मौसम में तो ध्यान देना बहुत ही आवश्यक हो जाता है. कुछ सब्जियां तो इस तरह की है कि उन्हें काटने से पहले ही धोना बहुत जरूरी रहता है. बाजारों में एकदम फ्रेश हरी पत्तेदार सब्जियां देखते ही आप वह सब्जियां खरीद लाते हैं. यदि किसी सब्जी में कीड़ा दिखाई देता है तो समझिए इन सब्जियों की फसलों में पेस्टीसाइड (कीटनाशकों) का अधिक इस्तेमाल नहीं किया गया है. इसलिए स्वास्थ्य की दृष्टि से यह सब्जियां उतनी खतरनाक नहीं हैं.

लेकिन जो सब्जियां बिलकुल कीड़ा रहित, दिखाई देती हैं तो समझ लीजिए की उन पर कीटनाशकों का इस्तेमाल किया गया है. इन सब्जियों को पहले  किसी बर्तन में पानी में डालकर रख दीजिए. थोड़े समय के बाद इन सब्जियों को रगड़कर धोइए. कुछ सब्जियों को तो बर्तन में नमक डालकर थोड़ी देर रखना अच्छा रहता है और विशेष एक बात ध्यान रखिए इन सब्जियों को काटने से पहले धोइए क्योंकि काटने के बाद धोने पर कीटनाशक तत्व पूरी तरह से सब्जियों में मिल जाते हैं. इसलिए इन सब्जियों को काटने से पहले साफ करके धोना जरूरी है. 

कई जगह गंदे पानी में उगाई जाती है सब्जियां
हाल ही में एक सर्वेक्षण में सब्जियों पर कीटनाशकों के अलावा बड़ी मात्रा में हानिकारक तत्व पाए गए हैं. कई जगह रुके हुए गंदे पानी में सब्जियां उगाई जाती है. फिर वही पानी सब्जियों पर डाला जाता है. यदि सब्जियों पर पेस्टीसाइड का इस्तेमाल किया गया हो तो वह सब्जियां सभी के लिए विशेष रूप से गर्भवती महिलाओं के लिए बहुत ही हानिकारक होती हैं. उनके नवजात शिशुओं पर भी इसका असर पड़ता है.

कुछ सब्जियों में तो पेस्टीसाइड के घातक तत्व पाए जाते हैं. फूलगोबी, पत्तागोबी, पालक, मूली आदि पर कीटनाशक तत्व पाए जाते हैं जो सब्जियों को धोने से भी नहीं निकलते हैं. यह सब्जियां शरीर में गंभीर प्रकार की बीमारियां पैदा कर सकती हैं. दिन प्रतिदिन हो रहा दूषित वातावरण, दूषित पानी तथा पेस्टीसाइड का छिड़काव इसका मुख्य कारण है.