Electricity

    अकोला. शहर में महावितरण की अघोषित लोड़शेडिंग के कारण अब लोगों को काफी तकलीफ होने लगी है. यह अघोषित लोड़शेडिंग का सिलसिला पिछले कुछ समय से लगातार शुरू है. हाल ही में पिछले कुछ दिनों में इनकम टैक्स चौक, गौरक्षण रोड, मलकापुर रोड पर स्थित अनेक बस्तियों में थोडी देर के लिए ही सही लेकिन कई बार बिजली बंद होने की शिकायतें लोगों द्वारा की गई है. विशेष बात यह है कि इन दिनों में भीषण गर्मी का मौसम है. और बिजली पूर्ति खंडित होने के बाद लोग पंखे भी शुरू नही कर पाते हैं.

    इसके अलावा भी पुराना शहर के डाबकी रोड आदि क्षेत्रों में स्थित बस्तियों में भी इस अघोषित लोड़शेडिंग के कारण लोग काफी परेशान देखे जा रहे हैं. कई बार अचानक बिजली बंद हो जाती है. वैसे घोषित लोड़शेडिंग की सूचना महावितरण द्वारा नियमित रुप से दी जाती है. लेकिन इसके साथ साथ अघोषित लोड़शेडिंग भी लगातार शुरू रहता है. 

    लोगों को हो रही तकलीफ

    इस अचानक हो रहे अघोषित लोड़शेडिंग के कारण लोगों को अब बहुत तकलीफ हो रही है. आर्थिक रुप से सम्पन्न वर्ग के लोगों के पास इनवर्टर तथा जनरेटर की सुविधा रहती है. लेकिन यह सुविधा सभी आम लोगों के पास उपलब्ध नही रहती है. इस कारण जब अचानक बिजली बंद हो जाती है. उस समय इन लोगों को इस भीषण गर्मी के कारण काफी तकलीफ का सामना करना पड़ता है. इसके अलावा भी सभी क्षेत्रों के लोगों का कहना है कि सभी जगह लोगों को थोड़े समय के लिए ही सही लेकिन अघोषित लोड़शेडिंग का सामना करना ही पड़ता है. 

    थोड़ी तेज हवा चलने पर बिजली बंद

    शहर तथा जिले में कही भी यदि थोड़ी तेज हवा चलती है तो या आंधी आ जाती है तो सबसे पहले बिजली बंद हो जाती है. मई माह के अंतिम सप्ताह में हर वर्ष आंधी तथा असमय बारिश आती ही है. इस परिस्थिति में सबसे पहले बिजली बंद हो जाना एक आम बात हो गई है. इसके बाद कुछ क्षेत्रों में तो बिजली तुरंत आ जाती है लेकिन कही कही बिजली जल्दी शुरू नही की जाती. इसके कारण भी लोगों को तकलीफ होती है.

    पिछले दिनों शहर तथा जिले में तेज आंधी के कारण अनेक क्षेत्रों में बिजली के तार टूटने के कारण अनेक क्षेत्रों की बिजली बंद हो गई थी. उसके बाद महावितरण के अधिकारियों तथा कर्मियों द्वारा लगातार प्रयत्न करके बिजली शुरू करवाई गई थी. महावितरण का काम है कि इसी तरह बिजली बंद होने पर तेज गति से कार्य कर बिजली तुरंत शुरू करवाने की व्यवस्था करें. जिससे लोगों को राहत मिल सकें.