राज्य की महाविकास आघाड़ी सरकार ओबीसी विरोधी, हंसराज अहीर का आरोप

    • 26 को चक्का जाम आंदोलन आयोजित

    अकोला. राज्य की महाविकास आघाड़ी सरकार यह ओबीसी विरोधी है. यह आरोप भाजपा राष्ट्रीय ओबीसी आघाड़ी के नेता पूर्व केंद्रीय गृह राज्य मंत्री हंसराज अहीर ने किया. वे अकोला भेंट के दौरान मंगलवार को सरकारी विश्रामगृह में आयोजित पत्र परिषद में बोल रहे थे. उन्होंने ओबीसी के आरक्षण को लेकर बीजेपी की भूमिका को पेश करते हुए कहा कि बीजेपी हमेशा ओबीसी के साथ खड़ी रही है. उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी खुद ओबीसी होने के कारण ओबीसी को विकास की धारा में लाने की कोशिश कर रहे हैं.

    अहीर ने यह भी दावा किया कि अधिकांश ओबीसी समुदाय अभी भी भाजपा के साथ है. ओबीसी के आरक्षण पर सुप्रीम कोर्ट के हालिया रोक की पृष्ठभूमि के खिलाफ अहीर ने कहा कि महाविकास आघाड़ी सरकार अदालत में ठीक से बहस करने और अपनी बात पेश करने में बुरी तरह विफल रही है. अहीर ने स्थिति के लिए राज्य सरकार को जिम्मेदार ठहराया. 

    ओबीसी के खिलाफ काम कर रही सरकार

    आघाड़ी सरकार को इस मामले को गंभीरता से लेना चाहिए था लेकिन मूल रूप से आघाड़ी सरकार ओबीसी के खिलाफ काम कर रही है, यह आरोप भी उन्होंने किया. ओबीसी पर उनके अधिकार छीनने का आरोप लगाते हुए अहीर ने कहा, कि देवेंद्र फडणवीस जब राज्य के मुख्यमंत्री थे तब उन्होंने ओबीसी के आरक्षण को अक्षुण्ण रखने के लिए एक अध्यादेश भी जारी किया था.

    लेकिन सरकार बदलने के बाद आघाड़ी सरकार ने इस संबंध में सकारात्मक रुख नहीं अपनाया, जिसके कारण अदालत में ओबीसी आरक्षण को स्थगित करना पड़ा. हंसराज अहीर ने यह भी कहा कि भविष्य में शिक्षा और अन्य क्षेत्रों में भी ऐसी ही स्थिति हो सकती है. 

    11 स्थानों पर चक्काजाम आंदोलन किया जाएगा

    राज्य सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में ठीक से बहस नहीं की, आवश्यक सबुत प्रस्तुत नहीं किया गया था, इसलिए ओबीसी का आरक्षण स्थगित हुआ यह आरोप करते हुए हंसराज अहीर ने कहा, कि वर्तमान सरकार की गलती को उजागर करने के लिए 26 जून को जिले में 11 जगहों पर चक्काजाम आंदोलन किया जाएगा. पत्र परिषद में भाजपा जिलाध्यक्ष रणधीर सावरकर, वरिष्ठ विधायक गोवर्धन शर्मा, विधायक प्रकाश भारसाकले, विधायक हरीश पिंपले, महापौर अर्चना मसने, शहर भाजपाध्यक्ष विजय अग्रवाल तेजराव थोरात, गिरीश जोशी, शंकर वाकोड़े, जयंत मसने आदि उपस्थित थे. 

    आंदोलन की रूपरेखा तय की गयी

    पत्र परिषद से पहले पूर्व केंद्रीय गृह राज्य मंत्री हंसराज अहीर ने 26 जून को सुबह 10 बजे भारतीय जनता पार्टी कार्यालय के बालासाहब टोपले हॉल में भाजपा ग्रामीण और महानगर ओबीसी गठबंधन के पदाधिकारियों, कार्यकर्ताओं और जनप्रतिनिधियों के साथ विचारों का आदान-प्रदान करके चक्काजाम आंदोलन की रूपरेखा को अंतिम रूप दिया गया.

    इस अवसर पर भाजपा के सभी विधायक, विजय अग्रवाल, ओबीसी आघाड़ी अध्यक्ष रवि गावंडे, महानगर अध्यक्ष जयंत मसने, महापौर अर्चना मसने, तेजराव थोरात, योगीता पावसाले, गीतांजली शेगोकार, राहुल देशमुख, स्थायी समिति सभापति संजय बडोणे, माधुरी बडोणे, किशोर पाटिल, माधव मानकर, अक्षय गंगाखेड़कर, डा.विनोद बोर्डे, संजय गोडा, संजय गोडफोडे, रमेशआप्पा खोबरे, दिलीप सांगले, रामेश्वर वानखड़े, संजय जिरापुरे, एड.देवाशीष काकड, राजेंद्र गिरी, अमोल गोगे, नीलेश नीनोरे, गणेश अंधारे, अंबादास उबाले आदि उपस्थित थे.