Corona Vaccine

  • 5 जिलों के लिए मिले टीके के 69,880 डोज

अकोला. पिछले नौ महीनों से देश के विभिन्न हिस्सों में कोरोना के संक्रमण फैला हुआ है. इसे को रोकने के लिए कोरोना टीकाकरण की तैयारियां पूरी हो गई हैं, जिसमें वैक्सीन का पहला चरण शनिवार 16 जनवरी को शुरू होगा. जिस में चिकित्सा क्षेत्र में कार्यरत कोरोना योद्धाओं को टीका दिया जा रहा है. इसके लिए, अकोला मंडल के पांच जिलों के लिए इन टीकों की कुल 69,880 डोज बुधवार को लगभग 9 बजे उप निदेशक कार्यालय को मिली है.

अकोला मंडल के पांच जिलों में 56,000 से अधिक लाभार्थी हैं, जिनमें से अमरावती जिले में सबसे अधिक 16,250 लाभार्थी हैं. इसके बाद यवतमाल, बुलढाना, अकोला और वाशिम जिले आते हैं. लाभार्थियों की संख्या के अनुसार इन टीकों का जिलेवार वितरण की योजना बनाई गई है. बुलढाना जिले को विभाग में सबसे अधिक 19,000 टीके मिलेंगे, उसके बाद यवतमाल और अमरावती जिले शामिल होंगे.

जिलेवार लाभार्थियों के पहले चरण की सूची तैयार होने के बाद टीकाकरण अभियान के लिए अधिकारियों और कर्मचारियों को प्रशिक्षित किया गया है. उसके बाद टीकाकरण का ट्रायल भी पूरा हुआ है. अब स्वास्थ्य प्रणाली और जिला प्रशासन शनिवार को वास्तविक टीकाकरण के लिए तैयार हैं. एक व्यक्ति को एक महीने के अंतराल के बाद दूसरा डोज दिया जाएगा. सूत्रों ने कहा कि इससे 10 प्रतिशत अतिरिक्त वैक्सीन स्टॉक प्राप्त करने वाले लाभार्थियों की संख्या दोगुनी हो जाएगी.

टीके का संभावित वितरण(लाभार्थी संख्या)

बुलढाना – 19000 (12306)

यवतमाल – 18000 (14500)

अमरावती – 17000 (16250)

अकोला – 9000 (7783)

वाशीम – 6500 (5500)

विभाग में 38 केंद्रों पर टीकाकरण:

विभाग में टीकारण हेतु कुल 38 केंद्र स्थापित किए गए हैं. जिसमें बुलढाना के 10 केंद्र, यवतमाल 9, अमरावती 9, अकोला जिले में 5 और वाशीम जिले के 5 केंद्र शामिल हैं. 

पुणे में सिरम इंस्टीट्यूट द्वारा निर्मित कोविशिल्ड वैक्सीन के लगभग 70,000 बक्से बुधवार को रात के लगभग 9 बजे एक वैक्सीन वैन में स्वास्थ्य निदेशक के कार्यालय में पहुंचे. टीकों को ड्राय आइस बॉक्स द्वारा ले जाया गया था. इस बॉक्स में लगभग पांच दिनों तक वैक्सीन को सुरक्षित रखा जा सकता है. इस बीच, उप निदेशक कार्यालय के पास कोविशिल्ड टीकों के भंडारण के लिए दो वॉक-इन कूलर हैं और इन टीकों के बक्से को 2 से 8 डिग्री सेल्सियस के तापमान पर रखा जाता है.