Crop Loan

    अमरावती.  खरीफ की बुआई के लिए किसान बैंकों के चक्कर काटकर थक चुके है, लेकिन सरकारी और प्राइवेट बैंकों ने कर्ज नहीं दिया. एकमात्र जिला मध्यवर्ती सहकारी बैंक ने ही लक्ष्य तक पहुंचने का प्रयास किया है. जिसके कारण जिले में 60 प्रतिशत ही खरीफ फसल कर्ज का वितरण किया गया.

    जिले के 77 हजार 648 किसानों को 724 करोड़ 81 लाख रुपयों का कर्ज वितरित किया गया. खरीफ बुआई जुलाई के दूसरे सप्ताह तक समाप्त हो जाती है. बावजूद इसके लीड बैंक खरीफ बुआई के लिए सरकारी व प्राइवेट बैंकों के माध्यम से कर्ज वितरण शुरू होने का बहाना बना रही है. 

    जिला बैंक की 90 प्रश लक्ष्यपूर्ति

    अमरावती जिला मध्यवर्ती बैंक को 405 करोड़ का लक्ष्य निर्धारित किया गया. जिसमें से बैंक ने 362 करोड़ 69 लाख रुपयों का कर्ज वितरित किया. 52 हजार लाभार्थियों में से 43 हजार 436 लाभार्थियों को यह कर्ज दिया गया. 90 प्रतिशत कर्ज वितरण कर जिला मध्यवर्ती बैंक ने सर्वाधिक कर्ज वितरण कर दिखाया है. उसकी तुलना में सरकारी बैंक व निजी बैंकों के आंकड़े काफी कम है.

    बैंक ऑफ बडौदा ने 45, बैंक ऑफ इंडिया ने 33, बैंक ऑफ महाराष्ट्र ने 60, कैनड़ा 41, सैंट्रल बैंक ऑफ इं‍डिया ने 51 प्रतिशत कर्ज वितरण किया है. पंजाब नैशनल बैंक 17, स्टेट बैंक ऑफ इंडिया 43, एक्सिस बैंक 13, आइसीआइ 5, एचडीएफसी 30, आइडीबीआइ 37, इंडसन बैंक ने 70 फीसदी कर्ज वितरण किया है. 

    बढ़ेगा कर्ज वितरण 

    जुलाई माह के अंत तक खरीफ फसल के लिए कर्ज वितरित किया जाता है. जिसके चलते जुलाई माह के अंत तक यह आंकड़ा बढ़ने की संभावना है. -जितेंद्र झा, व्यवस्थापक, अग्रणी बैंक 

    शत-प्रतिशत का लक्ष्य 

    जिला बैंक ने 90 प्रतिशत कर्ज वितरण पूर्ण कर दिया है. बैंक के 52 हजार सदस्य है. बैंक की कर्ज वसूली 80 प्रतिशत तक पहुंची है. इसलिए बैंक ने 90 प्रतिशत किसानों को कर्ज दिया है. शेष 20 प्रतिशत किसान वसूली कर देते है तो उन्हें भी बैंक द्वारा कर्ज उपलब्ध कराया जाएगा.-कोलवाडकर, एमडी, जिला बैंक