जीर्णोध्दार में मिली प्राचीन मूर्तियां, अंबादेवी मंदिर में एक मूर्तियां व नक्शीदार स्तंभ

अमरावती. अंबादेवी मंदिर के जीर्णोध्दार के दौरान रविवार को प्राचीन मूर्तियां मिली है. हालांकि मंदिर प्रशासन ने साफ कहा है कि यह मूर्तियां पहले से ही मंदिर में थी. लेकिन पता चला है कि खुदाई के दौरान दोपहर 2 बजे काले पाषाण में तीन मुखी अर्धाकृति मूर्ति मिली है. साथ ही सभा मंडप के प्राचीन स्तंभ के अवशेष मिले है.      

एक वर्ष से चल रहा काम 

अंबादेवी मंदिर के जीर्णोध्दार का काम लगभग 1 वर्ष से चल रहा है. कोरोना महामारी के कारण मंदिर बंद रहने से जीर्णोध्दार का काम करना मंदिर प्रशासन के लिए और भी आसान हो गया है. इसी बीच रविवार की दोपहर 2 बजे के दौरान खुदाई में पुरातन अवशेष पाए गए. साथ दिये जा रहे समाचार में इन मूर्तियों व अवशेषों के फोटो दिए गए है. 

है पुरातन मंदिर

अंबादेवी की स्वयंभू मूर्ति काले पाषाण की है. यह मूर्ति पूर्णाकृति व आसनस्थ है. मंदिर के निर्माण में दक्षिण शिल्पकला का प्रभाव है. श्री अंबादेवी मंदिर का अस्तित्व हजारों वर्ष से होने की अधिकृत जानकारी पुरातत्व विभाग के पास दर्ज है. छत्रपति शिवाजी महाराज ने उनके राज्याभिषेक की निमंत्रिण पत्रिका अंबादेवी को भेजी थी. पूराने परकोट से सटे इस मंदिर में विदर्भ की कुलस्वामिनी अंबादेवी की पूर्वाभिमुख मूर्ति है. रुख्मिणी हरण से अंबादेवी मंदिर का संबंध जोड़ा जाता है. इसवीं सन 1500 में व-हाड पर मुगलों ने कब्जा कर लिया था. तब अनेक शहरों में लुटपाट मचाई थी. मंदिर तोड़ डाले थे. लेकिन गर्भगृह में अंबादेवी की मूर्ति सुरक्षित बची थी. इसके बाद 1660 में श्री जनार्दन स्वामी ने मंदिर का जीर्णोध्दार किया था.   

जानकारी नहीं है

इस संदर्भ में किसी भी प्रकार की जानकारी नहीं है. मैं बाहरगांव रहने से अभी कोई जानकारी भी नहीं दे सकती. 

-विद्या देशपांडे, अंबादेवी संस्थान अध्यक्ष