लैंड स्कैम: कलेक्टर को जांच के आदेश, डा. सुनील देशमुख की शिकायत पर राजस्व मंत्री ने मांगी रिपोर्ट

    अमरावती. वडाली क्षेत्र में श्री. महादेव संस्थान की बेशकिमती जमीन कूड वारिस दिखाकर खरीदे जाने का मामला राज्य के राजस्व मंत्री बालासाहब थोरात के पास पहुंच गया है. पूर्व विधायक डा. सुनील देशमुख की शिकायत पर राजस्व मंत्री थोरात ने नवनियुक्त कलेक्टर पवनीत कौर को इस लैंड स्कैम की जांच कर रिपोर्ट पेश करने के आदेश दिए है. 

    एसडीओ-तहसीलदार की मिलीभगत

    राजस्व मंत्री थोरात को पूर्व पालकमंत्री डा. देशमुख ने 14 जुलाई को इस मामले में विस्तृत पत्र दिया. जिसके अनुसार महानगरपालिका क्षेत्र के वडाली स्थित श्री महादेव संस्थान (रनं-986) की गुरुकृपा कालोनी में 8 एकड़ (सर्वे नं-69/2), वैष्णोदेवी मंदिर से सटकर 29 एकड़ (सर्वे नं-31) और चांदूर रेलवे-वैष्णोदेवी मंदिर के रोड पर 11 एकड़ (सर्वे नं-26/1) तथा रत्नापुर क्षेत्र में 21 एकड़ (सर्वे नं-43/2) इस तरह कुल मिलाकर 23 हेक्टेयर (69 एकड़) जमीन है.

    स्व. पांडुरंग तिड़के ने वर्ष 1910 में अपने मकान समेत यह संपूर्ण जमीन श्री महादेव संस्थान को दान की थी. जिससे सभी खेत जमीन पर संस्थान का मालकी अधिकार है. इसमें के कूड़ धारक पहले ही मृत हो चुके है. खेत जमीन असिंचित पड़ी है. इन खेत जमीन को कब्जाने के लिए भूमाफिया ने संस्थान के पुराने पंच (जो मृत हो चुके है) को प्रतिवादी बनाया.

    संस्थान की वर्तमान कार्यकारिणी को कोई नोटिस नहीं दी. पटवारी, मंडल अधिकारी, तहसीलदार व एसडीओ के साथ मिलीभगत कर आदेश पारित कर कथित कूड वारिसदारों को उक्त सभी खेत जमीन को बेचने का प्रमाणपत्र दिया. इस तरह की शिकायत पूर्व मेयर अशोक डोंगरे की है. 

    अपील दायर के बाद भी सुनवाई नहीं 

    राजस्व मंत्री को डा. देशमुख ने बताया कि श्री महादेव संस्थान धार्मिक केंद्र होने से उसकी खेत जमीन इस तरह कब्जाने को लेकर क्षेत्रवासियों में जबरदस्त रोष है. संस्थान के पदाधिकारी अशोक डोंगरे ने कलेक्टर को 22 जनवरी 2021 को इस लैंड स्कैम की शिकायत की थी. इस शिकायत के बाद भी जिला प्रशासन ने कोई कार्रवाई नहीं की. एसडीओ ने यह सभी खेत जमीन बेचने की परमिशन दी. भूमाफिया ने तत्काल जमीन की खरीदी कर फेरफार भी करवा लिया.

    जबकि सेल सर्टिफिकेट के खिलाफ संस्थान ने एसडीओ के पास अपील दायर की थी. कलेक्टर के पास भी यह अपील की. लेकिन भूमाफिया ने सरकारी अधिकारियों के साथ सांठगांठ कर अवैध रूप से आदेश पारित कर यह जमीन हड़प ली. इस पूरे लैंड स्कैम की जांच की जाए. साथ ही तब तक किसी भी प्रकार की बिक्री व फेरफार पर प्रतिबंध लगाने के आदेश कलेक्टर को देने का अनुरोध राजस्व मंत्री से किया गया. 

    बिक्री व फेरफार पर रोक

    पूरे प्रकरण की जांच होने तक राजस्व मंत्री बालासाहब थोरात ने उक्त खेत जमीन की बिक्री व फेरफार पर रोक लगाने के आदेश दिए है. श्री महादेव संस्थान को न्याय दिलाकर रहेंगे.-डा. सुनील देशमुख, पूर्व पालकमंत्री 

    न्याय की उम्मीद

    श्री महादेव संस्थान स्वाधिनता के पहले की संस्था हैं. इसके अनुयायियों की शहर में बड़ी संख्या हैं. संस्थान की 100 करोड़ से भी अधिक मूल्य की खेत जमीन बिल्डर चंद्रकुमार उर्फ लप्पी जाजोदिया ने अपने बेटे अमित के नाम धोखे से खरीदे जाने के मामले में संस्थान की वर्तमान कार्यकारिणी अंतिम सांस तक लड़ेंगी. -अशोक डोंगरे, पूर्व मेयर