‘नो एंट्री’ का पूराना समय कायम रखे, महानगर चेम्बर ने की पुनर्विचार की मांग

अमरावती. पुलिस आयुक्तालय द्वारा बीते सप्ताह शहर में ‘नो एन्ट्री’ के नियमों में बदलाव की अधिसूचना जारी की गई है. इस पर पुनर्विचार करने की मांग को लेकर महानगर चेम्बर ने अध्यक्ष सुरेश जैन के नेतृत्व में पालकमंत्री यशोमति ठाकुर, विधायक सुलभा खोड़के तथा पुलिस आयुक्त भेंट कर चर्चा की. सभी को सौंपे निवेदन में कहा गया कि अधिसूचना में भारी वाहनों को शहर में रात 9 बजे से सुबह 6 बजेतक ही अनुमति दी गयी है. लेकिन व्यापारिक दिक्कतों के मद्देनजर पुराना समय रात 9 से सुबह 8 बजे तक और दोपहर 2.30 से 4.30 बजे तक रखने की मांग की गई है.

रात में अनलोड करना असुरक्षित

निवेदन में कहा गया कि अमरावती शहर में प्रतिदिन 25 से 30 ट्रक देश के विभीन्न शहरों से आवश्यक वस्तुएं लेकर आते है. इसमें कृषि उपयोगी वस्तु, अनाज, दवा, खाद्यपदार्थ, सिमेंट, इलेक्ट्रीकल्स, कपडा, बर्तन, किताबें तथा अन्य अनेक वस्तुओंका समावेश है. एक ट्रक में करीबन 500 से 600 बॉक्स होते है. जिन्हें ट्रान्सपोर्टर को खाली करने के बाद तुरंत संबंधित प्रतिष्ठानों को ऑटो या कटलेसे भेजा जाता है. इन वाहनों में अति मूल्यवान जीवनोपयोगी वस्तु, औषधीयां होती है. जिन्हें देर रात उतारकर रखना सुरक्षित नही रहता. 

लेबर की भी समस्या

उसी प्रकार रात को 9 बजे के बाद ट्रक आनेपर उसे खाली करने के लिये लेबर भी नही मिलते है. ट्रान्सपोर्टर के वाहन पूर्णत: ट्राफिक नियमों का पालन करने का विश्वास दिलाते हुए निवेदन में कहा गया कि अधिसूचना में दिया गया समय शहर के व्यवसाय के लिये और ट्रान्सपोर्टर के लिये असंभव है. दवाईयाँ और खाद्यपदार्थ तथा अन्य सभी वस्तुओं की डिलीव्हरी देने में इस नियम के कारण 1 से 2 दिन की देरी होगी. जिससे व्यापार भी प्रभावित होगा और मार्केट में डिलीवरी में विलंब के कारण वस्तुओं के शॉर्टेज की भी संभावना निवेदन में व्यक्त की गई. निवेदन देते समय महानगर चेम्बर अध्यक्ष सुरेश जैन, सचिव घनश्याम राठी, प्रकाश बोके, मगन बांठिया, अतुल कलमकर, संजय छंगाणी, मगन बांठिया, पंकज शाह, केतन शाह, बकुल कक्कड़, सुदीप जैन, जामिलभाई, साजिदभाई, उपस्थित थे.