औरंगाबाद के छत्रपति शाहू इंजीनियरिंग कॉलेज को मिला प्रथम स्थान

  • ई यंत्र रोबोटिक्स राष्ट्रीय स्तर की स्पर्धा संपन्न

औरंगाबाद. स्थानीय सीएसएमएसएस संस्था के छत्रपति शाहू इंजीनियिरंग कॉलेज ने भारत सरकार के मानव संसाधन विकास मंत्रालय अंतर्गत आईआईटी पवई मुंबई द्वारा राष्ट्रीय स्तर पर ली गई ई यंत्र रोबोटिक्स स्पर्धा में देश भर में प्रथम स्थान पाया है.

इस स्पर्धा में छत्रपति शाहू इंजीनियरिंग महाविद्यालय के इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग विभाग के छात्रों ने कृषि क्षेत्र से संबंधित जरुरतें, कृषि क्षेत्र में बड़े पैमाने क्रांति की जरुरत, किसानों का माल तत्काल बाजार में उपलब्ध हुआ तो किसानों को तत्काल आर्थिक लाभ होना, साथ ही बाजार में किसानों का माल नागरिकों के लिए साफ और तत्काल कैसे उपलब्ध हो सकता, खेती माल को योग्य दाम मिलने पर ही वह बेचा जा सके इन सभी बातों को सामने रखकर इस तरह के उपकरण निर्माण करने को लेकर महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. उल्हास शिंदे इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग विभाग के प्रमुख प्रा.अभय मुदिराज ने मार्गदर्शन किया. 

इस मार्गदर्शन से कॉलेज के छात्र ऋषिकेश खोचे, शमा पठान, जागृति राजहंस, शुभम काले  इन छात्रों ने विभाग प्रमुख और अन्य प्राध्यापक मिथुन औष, प्रा. पल्लवी गुप्ता के मार्गदर्शन में कृषि के लिए सस्ता सौर ड्रायर यह उपकरण तैयार किया. इस उपकरण के माध्यम से किसानों को बड़े पैमाने पर फायद हो रहा है.

स्पर्धा में पाया अव्वल स्थान 

आईआईटी पवई मुंबई द्वारा आयोजित ई यंत्र रोबोटिक्स नामक राष्ट्रीय स्तर की स्पर्धा में देश भर के 321 नामचीन कॉलेज के टीमों ने हिस्सा लेकर उनके छात्रों द्वारा तैयार किए गए उपकरण पेश किए. इन सभी टीमों द्वारा तैयार किए गए उपकरणों की टेस्ट जनवरी 2020 में पुणे में ली गई. स्पर्धा के अंतिम राउंड के लिए देश भर के 21 इंजीनियरिंग कॉलेज को चूना गया. उसके बाद अंतिम राउंड ऑन लाईन लिया गया. स्पर्धा के निरीक्षकों ने छात्रों से संवाद साधकर उपकरणों की जानकारी ली. इसमें छत्रपति शाहू इंजीनियरिंग कॉलेज के इलेक्ट्रिकल विभाग  द्वारा सस्ते में तैयार किए सौर ड्रायर उपकरण को अव्वल स्थान देकर 32 हजार 500 रुपए पुरस्कार के रुप में दिए. कॉलेज की इस सफलता पर संस्था के अध्यक्ष रणजीत मुले, सचिव पदमाकर मुले, प्रशासकीय अधिकारी डॉ. श्रीकांत देशमुख, महाविद्यालय के प्राचार्य उल्हास शिंदे  ने छात्रों को अभिनंदन किया.