Mohalla library started in slum area of ​​Aurangabad

    औरंगाबाद. औरंगाबाद शहर (Aurangabad City) में कई स्लम (Slum) इलाके है। इन इलाकों के बच्चों को पढ़ने की आदत डालने के साथ ही उनके ज्ञान में बढ़ोत्री करने के लिए छठीं कक्षा की छात्रा मिर्जा मरियम ने मोहल्ला लाइब्रेरी (Mohalla Library) की संकल्पना पर अमलीजामा पहनाने का काम शुरु किया है।अपने पिता मिर्जा कयुब नदवी के साथ मिलकर छात्रा मरियम ने सबसे पहले अपने घर के निकट स्थित बायजीपुरा में मोहल्ला लाइब्रेरी नाम से लाइब्रेरी शुरु किया है। जिसका उद्घाटन 8 जनवरी को सांसद फौजिया खान (MP Fauzia Khan)के हाथों किया गया था। 

    मिर्जा मरियम ने अपनी संकल्पना मोहल्ला लाइब्रेरी के बारे में बताया कि मेरे पास जो भी किताबें हैं उसका लाभ परिसर के गरीब परिवार के बच्चों को हो, इस बात को मैंने सामने रखकर मेरे पिता मिर्जा अब्दुल कयुम नदवी से चर्चा की। उसके बाद पिता व मेरे पास स्थित 300 किताबें के सहारे बायजीपुरा में  मोहल्ला लाइब्रेरी शुरु की। छात्रा मिर्जा मरियम ने बताया कि मेरे पिता रीड एंड लीड फाउंडेशन के अध्यक्ष है। इस फाउंडेशन के माध्यम से बच्चों में पढ़ने की संस्कृति बढ़ाने के लिए सालों से विशेष उपक्रम चलाए जाते है। उसी फाउंडेशन के माध्यम से शहर के अलग-अलग इलाकों में  मोहल्ला लाइब्रेरी शुरु करने का सिलसिला जारी है।

    स्कूल बंद होने से छात्र उठा रहे मोहल्ला लाइब्रेरी का लाभ 

    मिर्जा मरियम के पिता कयुम नदवी ने बताया कि वर्तमान में स्कूल बंद है। ऐसे समय में गरीब बच्चों में शिक्षा को लेकर रुचि कम ना हो, साथ ही वह गलत मार्ग पर न लग जाएं, इस बात को सोचकर मेरी पुत्री मरियम ने मोहल्ला लाइब्रेरी शुरु करने का निर्णय लिया। इस उद्देश्य से हमने सबसे पहले बायजीपुरा में डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम मोहल्ला लाइब्रेरी शुरु की। उसके बाद बीते दो माह में 9 मोहल्ला लाइब्रेरी शुरु किए गए है। हाल ही में 9वीं मोहल्ला लाइब्रेरी का उद्घाटन जामा मस्जिद काशीफुल उलुम के मुख्याध्यापक मौलाना नसीमुददीन मिफ्ताही के हाथों किया गया। वरिष्ठ समाजसेवक जुल्फीकार हुसैन के नाम से हिलाल कालोनी में यह मोहल्ला लाइब्रेरी शुरु की गई। इस अवसर पर शहर के कई लोग उपस्थित थे।