Rashtriya Maha Lok Adalat, pariwarik

भंडारा. राष्ट्रीय उच्च लोक अदालत में पारिवारिक न्यायालय में 29 मामले रखे गए. जिनमें से 10 मामलों का सौहार्दपूर्वक निपटारा किया गया. कुल 7 दीवानी मामले व 3 आपराधिक मामले बातचीत के माध्यम से सौहार्दपूर्वक निपटाए गए. 6 जोड़े अपने विवादों को सुलझाने के बाद घर लौटे.

हम फैसले की जटिलताओं व समय लेने वाली प्रक्रिया के बारे में सुन रहे हैं, किंतु अब जब आलोचना को एक तरफ रख दिया गया है, तो वैकल्पिक विवाद समाधान प्रक्रिया जिसे पार्टियों ने स्वेच्छा से पार्टियों के लिए चुना है. इस दौरान संवाद व सहानुभूति के माध्यम से 10 मामलों को निपटाया गया.

प्रमुख जिला व सत्र न्यायाधीश एस. ए. देशमुख, पारिवारिक न्यायालय के न्यायाधीश अनिता शर्मा, पैनल प्रमुख पी. एस. खुने, जिला न्यायाधीश- 1 भंडारा, जिला विधि सेवा समिति सचिव एन. के. वालके ने जिन दंपतियों ने अपने विवादों को सुलझाकर अपना सांसारिक जीवन बिताने गए उनके हाथों परिवारिक न्यायालय परिसर में पौधे लगवाया गया. सफलतार्थ प्रमुख जिला व सत्र न्यायाधीश  एस. ए. देशमुख के मार्गदर्शन में   उपासे, सहायक अधीक्षक, गभने, सार्वे, बनकर, मंडपे, बेदरकर व सुप्रिया गजभिये ने प्रयास किया.