महंगाई के विरोध में कांग्रेस की साईकिल यात्रा, भंडारा जिला कांग्रेस कमिटी, शहर एवं तहसील कांग्रेस द्वारा महंगाई के विरोध में आंदोलन

    • महंगाई के खिलाफ साइकिल यात्रा
    • क्या महंगाई से बचाएगी साइकिल की सवारी 
    • साइकिल यात्रा ने किया ध्यानाकर्षण 
    • सरकार के विरोध के साथ स्वास्थ का संदेश भी दिया

    भंडारा. वाहनों में डालने का तेल हो या फिर रसोई के लिए इस्तेमाल होने वाला कूकिंग तेल हो. यह दोनों ही तेल के दाम में लगी आग में समाज के सभी वर्ग झुलस रहे हैं. इस महंगाई से गाड़ी चलाना हो या फिर घर चलाना, दोनों का बजट बिगड़ चुका है. लोगों की याद है कि 2014 के पहले के दिन, जब महंगाई को लेकर लोगों का आक्रोश सड़क पर दिखाई देता था. लेकिन अब जब दोनों तेल के दाम 100 पार कर गए है. लोगों संयम का प्रदर्शन कर रहे हैं.

    लेकिन शनिवार को साइकिल यात्रा के माध्यम से राजनीतिक संगठनों ने संदेश देने का प्रयास किया है कि सरकार को लोगों के संयम की परीक्षा नहीं देखनी चाहिए. साइकिल यात्रा में शामिल लोगों की राय यही थी कि सरकार को चाहिए कि वह अपनी तिजोरी भरने की बजाए आम लोगों की जेब को राहत पहुंचाने के लिए सकारात्मक निर्णय लें. 

    महंगाई के विरोध में भंडारा जिला कांग्रेस कमेटी द्वारा कमेटी के अध्यक्ष मोहन पंचभाई एवं विधायक अभिजीत वंजारी के नेतृत्व में साइकिल रैली हुतात्मा स्मारक शास्त्री चौक से निकाली गई. रैली विभिन्न मार्गों से हुए गुर्जर पेट्रोल पंप जिप चौक पहुंची.  मोदी सरकार के खिलाफ नारेबाजी की गई. 

    उज्वला गैस के माध्यम से देश के गरीब जनता के घर में नि:शुल्क गैस देने के नाम पर प्रधानमंत्री मोदी ने उनकी लूट की है. गैस कनेक्शन देकर उनका मिट्टी का तेल बंद किया. अभी 900 रु. गैस सिलेंडर लेना, गरीब परिवारों को लेना मुश्किल हुआ है. पेट्रोल 107 रु. और  डीजल 97 लीटर रु. देना पड़ता है. मोदी सरकार ने किए इस कृत्रिम महंगाई से यातायात के साथ अन्य वस्तुएं भी महंगी हो गयी है.

     मोहन पंचभाई ने कहा कि खाद्य तेल की कीमत बढ़ गई है. महंगाई बढ़ाकर जनता को लूटने का काम भाजपा सरकार कर रही है. लोगों को गुमराह कर सत्ता हासिल किया गया. अपने उद्योगपति मित्रों को मदद करने का काम सरकार कर रही है. 

    कांग्रेस नेता राहुल गांधी द्वारा बार-बार जानकारी देने पर  भी भाजपा सरकार ने कोरोना महामारी की ओर अनदेखी की. नियोजन के अभाव के कारण लाखों लोगों की मृत्यु हो गयी. अनेक परिवार बर्बाद हो गए. अभी नागरिकों पर महंगाई के बोझ तले दबाया जा रहा है. कांग्रेस के काल में 70 रु. पेट्रोल बढ़ा था तब स्मृति इरानी ने प्रधानमंत्री मनमोहन सिंग को चुड़ियां भेजी थी. अभी उनके ही सरकार ने पेट्रोल 107 रु. दर में बढ़ोतरी की.करने पर इरानी निंद में है क्या उनका भी निषेध कर महिला कांग्रेस द्वारा स्मृति इरानी को चप्पल भेंट एवं प्रधानमंत्री को कंडे भेंट के तौर पर भेजे जाएगे. 

    इस अवसर पर भंडारा जिला कांग्रेस कमिटी अध्यक्ष मोहन पंचभाई, विधायकअभिजित वंजारी, पूर्व जिलाध्यक्ष प्रेमसागर गणवीर, इंटक जिलाध्यक्ष धनराज साठवणे, शहर अध्यक्ष प्रशांत देशकर, तहसील अध्यक्ष प्यारेलाल वाघमारे, लाखनी तहसील अध्यक्ष राजु निर्वाण, मोहाडी तहसील अध्यक्ष राजेश हटवार, जिला सेवादल अध्यक्ष कैलाश भगत, प्रदेश इंटक महासचिव मनोज बागडे, प्रदेश इंटक महासचिव डा. विनोद भोयर, युवक कांग्रेस अध्यक्ष राकेश कारेमोरे, एनएसयुआय जिलाध्यक्ष पवन वंजारी, जिला कांग्रेस महासचिव धनंजय तिरपुडे, जिला कांग्रेस कमिटी उपाध्यक्ष शफी लद्धानी, अनु.जाति विभाग जिलाध्यक्ष सुरेश मेश्राम, जिला कांग्रेस कमिटी उपाध्यक्ष राजकपूर राऊत, जिला कांग्रेस कमिटी जिला महासचिव माणिकराव ब्राम्हणकर, जिला कांग्रेस कमिटी महासचिव अजय गडकरी, कांग्रेस किसान अध्यक्ष देवा इलमे, जिला इंटक महासचिव महेंद्र वाहाणे, जिला कांग्रेस कमिटी महासचिव शमिम शेख, जिला कांग्रेस सचिव आणिक जमा पटेल, सोहेल अहमद, कमलाकर निखाडे, घनश्याम भांडारकर, प्रमोद मानापुरे, प्रेमदास वनवे, मार्कंड भेंडारकर, शिवा गायधने, प्रिया खंडारे, स्वाती बोंबले, निखील तिजारे, दिनेश पप्पू गिर्हेपुंजे, किशोर राऊत, धर्मेंद्र गणवीर, नाहेद परवेज, जीवन भजनकर, इम्रान पटेल, नरेंद्र साकुरे, संध्या धांडे, दिपाली लांजेवार, पृथ्वी तांडेकर, प्रकाश डोनेकर, सुरेश गोंडाणे, ईश्वर मते, कैलाश कांबले, रोशण दहेकर, बाबुराव खंगार, प्रकाश राखडे, टी.डी. मारबते, एन.एन. खंडाईत, विनीत देशपांडे, भूषण टेंभुर्णे, शाहीन मून, उमेश भुरे साकोली, लखन चौरे, नथू खंडाईत, मेहमूद खान, प्रणीत पडोळले, मंगेश हुमणे, नितेश बोरकर, विनायक दिवटे, सचिन हिंगे, जागेश्वर बडगे, संजय साकोरे, तुलशी बिलवने, संजय बांते, हिरामण लांजेवार, कमल साठवणे, संतोष कुंभलकर, आयुष भोंडे, साहिल निनावे, सौरभ बडवाईक, संजय वरगंटीवार, राजेश ठवकर, रवी तिरपुडे, सैय्य्द शहीद अली, शालिक भुरे, विलास मेश्राम, दयाराम बाभरे, आदित्य लक्षणे, मनोज जांभूलकर, जितु सुखदेवे, फारुख शेख, चांद डोंगरे, कैलाश बहिरे, खुशाल पडोले, रामेश्वर मते, मंदा बावणे, अजय चवरे, जगदीश उईके, प्रमोद लिमजे, कनैया जांगडे, अनिल मेश्राम, चंद्रशेखर बनकर, प्रदीप समरीत, राकेश गायधने, मोहित देशमुख, शुभम गोंडाणे, हर्षित गजभिये, शिरीष वाल्देकर, मयूर मेश्राम, शिवदास वैद्य, अमोल हटवार, दयाराम सूर्यवंशी, नरेश कावले आदि कांग्रेस के पदाधिकारी, कार्यकर्ता एवं अन्य उपस्थित थे.