मंडई उत्सव के कारण कोरोना महामारी के फैलाव के आसार

  • . जनता में जागरूकता बढ़ाना जरूरी- सोनवाने

साकोली. दीपावली (Diwali) का पर्व सादगी के साथ शांति पूर्वक समाप्त हो गया. दीपावली का पंच दिवसीय पर्व समाप्त होने के बाद विदर्भ में मंडई उत्सव की आहट शुरु हो जाती है. भंडारा जिले में एक सांस्कृतिक पर्व के रूप में मान्यता प्राप्त मंडई उत्सव के प्रति यहां के लोगों में जबर्दस्त उत्सव देखा जाता रहा है, लेकिन इस वर्ष चीनी महामारी कोरोना के कारण बहुत कुछ बदल गया है.     

विदर्भ के सभी जिलों में मंडई- उत्सव का होता है, लेकिन इस वर्ष कोरोना महामारी (Cornavirus) के कारण मंडई उत्सव होगा या नहीं, इस पर अब तक कोई निर्णय नहीं हो पाया है. मंडई उत्सव न होने की वजह से उससे जुड़े कलाकारों की चिंता बढ़ गई है. मंडई उत्सव न होने की स्थिति में इस उत्सव के प्रति विशेष आकर्षण रखने वालों के चेहरे मायूस हो गए हैं. मंडई उत्सव एक सामाजिक एवं सांस्कृतिक आयोजन है, इस वजह यह उत्सव जन एकता का प्रतीक बना हुआ है. इस मंडई उत्सव में पर्वतारोही से लेकर दुकानदार सभी क्षेत्र से जुड़े लोग सहभागी होने हैं.

नाटक में दर्शक से लेकर कलाकारों कर सभी को सामाजिक दूरी रखने, मॉस्क का उपयोग करने तथा हाथों पर सैनिटाइजर लगाने के प्रति जागरुक रहने की सलाह दी गई और कहा गया कि सभी कोरोना बचाव के प्रति भी विशेष तौर सतर्क रहें.  श्री राम सेना साकोली की विद्यार्थी तहसील शाखा के सचिन सोनवाने ने कहा है कि जनता के हितों की रक्षा करना हम  सभी का मुख्य कर्तव्य है और इसीलिए तैयारियां शुरु होने की प्रतीक्षा में मंडई उत्सव के कालाकार मंडई उत्सव की परंपरा बाधित न हो, इसके लिए इसके लिए रात  दिन कोशिश कर रहे हैं.