भंडारा में आरटीपीसीआर प्रयोगशाला को मंजूरीः टोपे

  • स्वास्थ्य मंत्री ने दी जानकारी

भंडारा. कोरोना के बढ़ते प्रसार को देखते हुए  भंडारा में कोविड-19 स्वैब जांच प्रयोगशाला(आरटीपीसीआर लैब) शुरु करने की मंजूरी दे दी गई है और आगामी आठ दिनों में उक्त प्रयोगशाला कार्यान्वित करने के निर्देश स्वास्थ्य मंत्री डॉ. राजेश टोपे ने प्रशासन को दिए.

वेंटिलेटर, ऑक्सिजन सपोर्ट बेड जैसी आधुनिक सुविधाएं देने के साथ-साथ कोरोना पॉजिटिव रोगियो के लिए कॉन्टैक्ट ट्रेसिंग तथा जांच बढ़ाने की अपील भी इस दौरान स्वास्थ्य मंत्री ने दी. स्वैब जांच प्रयोगशाला भंडारा में स्थापित किए जाने से जांच रिपोर्ट तत्काल उपलब्ध होगी. इस कारण कोरोना पॉजिटिव मरीजों का तत्काल उपचार करना संभव होगा.

जिला सामान्य अस्पताल भंडारा की सुविधाओं के बारे में जानकारी प्राप्त करने के बाद जिलाधिकारी कार्यालय मे आयोजित समीक्षा बैठक में स्वास्थ्य मंत्री राजेश टोपे बोल रहे थे.  इस बैठक में गृहमंत्री अनिल देशमुख, चिकित्सा शिक्षा मंत्री अमित देशमुख, राज्यसभा सांसद प्रफुल्ल पटेल, विधायक राजु कारेमोरे,जिलाधिकारी संदीप कदम, मुख्य कार्यकारी अधिकारी भुवनेश्वरी एस., जिला पुलिस अधीक्षक वसंत जाधव, स्वास्थ्य संचालक डॉ.अर्चना पाटिल, निवासी उपजिलाधिकारी शिवराज पडोले, जिला शल्य चिकित्सक डॉ.प्रमोद खंडाते, जिला स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. माधुरी माथुरकर, पूर्व सांसद मधुकर कुकडे, पूर्व मंत्री नाना पंचबुद्धे, धनंजय दलाल तथा अधिकारी इस मौके पर उपस्थित थे.

कोविड-19 के लक्षण दिखते ही मरीजों की स्वैब जांच की सुविधा भंडारा में उपलब्ध नहीं थी, ऐसे में मरीज को स्वैब जांच के लिए नागपुर लिए भेजना पड़ता था, इस वजह से रिपोर्ट आने में 2 से 3 दिन लग जाती थी, इसलिए मरीज के इलाज में देर हो जाता था। इस परेशानी को देखते हुए भंडारा में तत्काल आरटीपीसीआर जांच प्रयोगशाला मंजूर किए जाने की जानकारी स्वास्थ्य मंत्री ने दी.

इस प्रयोगशाला को एक सप्ताह में कार्यान्वित करने का निर्देश उन्होंने दिए. प्रयोगशाला में काम करने के लिए आवश्यक व्यक्तियों की नियुक्ति का अधिकार स्वास्थ्य मंत्री ने जिलाधिकारी को दिए हैं. स्वास्थ्य मंत्री ने प्रशिक्षण के लिए नागपुर में भेजने की सूचना भी उन्होंन दी.

बैठक में गृहमंत्री ने कहा कि नागरिक जब घर से बाहर निकले तो मॉस्क का इस्तेमाल जरूर करें. उन्होंने मॉस्क का उपयोग न करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने के निर्देश भी पुलिस विभाग को दिए.

जिला सामान्य अस्पताल में स्वास्थ्य मंत्री के हाथों ट्रुनैट प्रणाली का उद्घाटन भी किया गया. स्वास्थ्य मंत्री ने  जिला सामान्य अस्पताल में नर्सो तथा डॉक्टरों से बातचीत करके उनकी समस्याओं को भी जाना.