Rain in Gadchiroli, Crop Damage
File Photo

    भंडारा. किसानों को हर मौसम में नुकसान ही सहन करना पड़ रहा है. कभी समय पर वर्षा नहीं होने पर तो कभी बेमौसम वर्षा के कारण किसानों को अपनी फसलों से हाथ धोना पड़ता है, इस वर्ष भी यही हुआ है. पिछले सप्ताह हुए बेमौसम वर्षा के कारण जिले के अंतर्गत सभी तहसील के किसानों को भारी नुकसान उठाना पड़ा था.

    बेमौसम वर्षा के कारण फसलों के साथ-साथ सब्जी को भी नुकसान पहुंचा था. बेमौसम वर्षा से फसलों तथा सब्जियों का कितना नुकसान पहुंचा इसका सर्वेक्षण करने के बाद यह खुलासा हुआ है कि तुमसर, मोहाड़ी तथा साकोली के किसानों को सबसे ज्यादा नुकसान पहुंचा है.

    गेहूं, चना व तुअर की फसलें बर्बाद

    वर्षा की वजह से गेहूं, चना, मटर, तुअर, लाख की फसल को भारी नुकसान पहुंचा है. बेमौसम बरसात ने केवल फसलों को ही नहीं सब्जियों पर भी अपना कहर बरपाया है. जिला प्रशासन ने बेमौसम वर्षा से हुए नुकसान का सर्वेक्षण करने के निर्देश दिए. उक्त निर्देश के बाद जब सर्वेक्षण का कार्य पूरा हुआ और जब शनिवार को उसकी रिपोर्ट सामने आई तो इस बात का पता चला कि तुमसर, मोहाड़ी, पवनी के किसानों के लिए बेमौसम वर्षा ज्यादा ही नुकसान पहुंचाने वाली रही है.

    सर्वेक्षण से इस बात का खुलासा हुआ कि बेमौसम वर्षा के कारण पवनी, साकोली, लाखांदूर, लाखनी परिसर में गेहूं की फसल को पहुंचा है. बहुत से किसानों के खेत में तैयार गेहूं की फसल पूर्णत: बर्बाद हो गई है.