गंदगी से बज़बज़ा रही हैं शहर की नालियां

  • सफाई न होने से जन स्वास्थ्य पर पड़ रहा प्रतिकूल प्रभाव

भंडारा (सं). जिस भंडारा शहर का कभी स्वच्छता के लिए नाम था, उसी भंडारा शहर की नालियां इन दिनों गंदगी से बज़बज़ा रही हैं. शहर मॆं जनसुविधाएं नहीं के बराबर हैं और जो सुविधाएं दी भी जा रही हैं, वे ऐसी हैं कि लोग कह रहे हैंस ऐसी सुविधाएं देने से बेहतर तो यह था कि सुविधा देते ही नहीं. भंडारा शहर की जनसंख्या की तुलना में वहां दी जाने वाली सविधाएं बहुत  कम हैं. जिन विभागों पर सुविधाएं देने की जिम्मेदारी सौंपी गई है, वे विभाग अपनी जिम्मेदारी को पूरा नहीं कर रहे हैं. भंडारा शहर की स्वच्छता की जिम्मेदारी भंडारा नगर परिषद को दी गई है. लेकिन नगर परिषद प्रशासन की ओर से इस ओर ध्यान नहीं दिया जा रहा है.

शहर के शीतला माता मंदिर के पास के परिसर में स्थित नालियों में इतनी गंदगी है कि वे बज़बज़ाने लगी हैं. नालियों में कचरा होने के कारण उसमें जमा पानी बह नहीं पा रहा है. गंदा पानी जमा रहने के कारण वहां बदबू भी बहुत ज्यादा आ रही है. नालियां क्यों बज़बज़ा रही हैं, इसका उत्तर पूछने पर कोई उत्तर नहीं देता. नागरिक गंदगी के बीच रहने के लिए मजबूर है. कोरोना महामारी, मौसमी बीमारियों के बीच बज़बजी नालियों की गंदगी तथा उससे फैली दुर्गंध के लिए जिम्मेदार कौन है, ऐसा सवाल लोगों के बीच से उठाया जा रहा है.