THR घोटाले में CEO ने दिए जांच के आदेश

बुलढाना. आंगनवाडी स्तर पर वितरित होने वाले पोषण आहार (टीएचआर) में वित्तीय घपला होने की शिकायत पर जिला परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी षण्मुगराजन व्दारा जांच के आदेश जारी कर दिए है. 30 अगस्त को जांच

बुलढाना. आंगनवाडी स्तर पर वितरित होने वाले पोषण आहार (टीएचआर) में वित्तीय घपला होने की शिकायत पर जिला परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी षण्मुगराजन व्दारा जांच के आदेश जारी कर दिए है. 30 अगस्त को जांच समिति मेहकर जाकर पूरे मामले की रिपोर्ट सीईओं को सौंपेगी.

पूछताछ में उजागर हुआ मामला
मेहकर तहसील के वरुड की सरपंच सविता पवार ने जि. प. के सीईओ को एक ज्ञापन दिया था. ज्ञापन में कहा गया था कि, उनके गांव में दो आंगनवाडी केंद्र है. मार्च-2017 तथा अप्रैल 2017 में गांव की आंगनवाडी केंद्रों को पोषण आहार नहीं मिला. यह पोषण आहार बच्चों समेत गर्भवती और स्तनदा महिलाओं को वितरित किया जाता है. पोषण आहार न मिलने के संदर्भ में उन्होंने एकात्मिक बालविकास विभाग के विस्तार अधिकारी डिगांबर खटावकर से पूछताछ की. पूछताछ करने पर उन्हें पता चला कि, सरकारी रिकार्ड के अनुसार इन दोनों महिनों में पोषण आहार का वितरण कर उसके देयक भी निकाले गए. खास बात यह कि, इन दोनों आंगनवाडी सेविकाओं ने मार्च तथा अप्रैल 2017 में पोषण आहार प्राप्त न होने का अहवाल प्रकल्प अधिकारी को भेजा था, जो अहवाल प्रकल्प अधिकारी व्दारा पं. स. मेहकर को दिया गया था. बाद में सविता पवार ने मामले की शिकायत जिला परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी षण्मुगराजन को करते हुए सविता पवार ने आरोप लगाया कि, इस मामले में लाखो रुपयों का भ्रष्टाचार किया गया है.

मेहकर पंस में मचा हड़कंप
इस शिकायत पर संज्ञान लेते हुए सीईओं ने एक तीन लोगों की जांच समिति का गठन किया. इस जांच समिति में बुलढाना पं. स. के विस्तार अधिकारी डी. एम. जाधव, लेखा अधिकारी गौतम सुरेश तेलंग तथा सहायक प्रशासन अधिकारी एन. सी. मुले का समावेश है. यह जांच दल 30 अगस्त को मेहकर जाकर मामले की जांच करेगा. जांच के आदेश के चलते मेहकर पंचायत समिति में काफी हड़कम्प मचा हुआ है.