राशन दूकानदार कर रहे मशीनों का दुरुपयोग

मेहकर. शहर के सरकारी राशन दूकानदारों व्दारा अनाज कम देने तथा काला बाजारी करने की शिकायत जनता ने संबंधित विभाग से कई बार की लकिन इस ओर पूर्ति विभाग ने ध्यान नहीं दिया. इतना ही नहीं शासन की ओर से दी

मेहकर. शहर के सरकारी राशन दूकानदारों व्दारा अनाज कम देने तथा काला बाजारी करने की शिकायत जनता ने संबंधित विभाग से कई बार की लकिन इस ओर पूर्ति विभाग ने ध्यान नहीं दिया. इतना ही नहीं शासन की ओर से दी गई मशीन का भी दूकानदार गलत उपयोग कर रहे हैं. जिससे जनता को काम अनाज मिल रहा है. ग्रामीणों ने इस ओर ध्यान देकर दोषी दूकानदारों पर उचित करवाई करने की मांग की है.

मेहकर के एक सामाजिक युवा का आरोप है कि सरकार व्दारा शहर के सभी राशन दूकानदारों को मोजमाप के लिए मीट्रिक मशीन मुहैया कराई है जिससे काला बाजारी पर रोक लग सके. मशीन व्दारा कार्ड की कुल यूनिट को नाप कर ग्राहकों को माल वितरित किया जाता है वितरण की रसीद ग्राहकों को दे दी जाती है परन्तु दूकानदार ऐसा नहीं कर रहे हैं नापतौल में हेरा फेरी करते हैं.

कम देते हैं अनाज
उदारण के लिए एक राशन कार्ड धारी के कुल यूनिट के आधार पर मशीन कार्ड धारक को २० किलो चावल १५ किलो गेंहू ५ किलो दाल देने का आदेश देती है परन्तु दूकानदार राशन की वास्तविक मात्रा के बजाय उपभोक्ता को मात्र १० किलो चावल १० किलो गेंहू एक किलो दाल ही देता है अर्थात मशीन बताती कुछ और राशन दूकानदार देता कुछ और इस के साथ ही मशीन से निकलने वाले रसीद जो दूकानदार ग्राहकों को नहीं देते हैं.