स्कूलों कर रहे दखलअंदाजी

मलकापुर. नए सत्र का स्कूल शुरू होने से बच्चों के लिए गणवेश व शालेय साहित्य खरीदी करने की तैयारियों में पालक जुट गए हैं. ऐसे में कुछ स्कूलों व्दारा शालेय साहित्य व गणवेश खरीदी करने में दखलअंदाजी किए

मलकापुर. नए सत्र का स्कूल शुरू होने से बच्चों के लिए गणवेश व शालेय साहित्य खरीदी करने की तैयारियों में पालक जुट गए हैं. ऐसे में कुछ स्कूलों व्दारा शालेय साहित्य व गणवेश खरीदी करने में दखलअंदाजी किए जाने की बात सामने आयी है. जिससे पालक वर्ग में असंतोष व्यक्त किया जा रहा है. साथ ही इस तरह की दबाव पर रोक लगाने की मांग की जा रही है.

कुछ स्कूलों व्दारा शालेय साहित्य व गणवेश स्कूल से या उनके द्वारा तय की गई दूकान से ही खरीदी करने की जबरदस्ती की जा रही है. इस माध्यम से पालकों की आर्थिक लूट हो रही है. कुछ स्कूलों व्दारा शालेय साहित्य व गणवेश सहुलियत पर देने का दावा किया जाता है. किंतु स्कूल ने लगायी कीमत बाजार के दूकान से भी अधिक होने से पालक को बेवजह आर्थिक नुकसान सहना पड़ रहा है.

अंग्रेजी या सेमी अंग्रेजी स्कूलों के बारे में सोचा जाए तो शालेय साहित्य व गणवेश समेत हर एक छात्र को ५ से ६ हजार रुपयों का खर्च आता है. इससे स्कूल व्यवस्थापन मालामाल होता है तो पालक कंâगाल होते है. इस मामले में शिक्षा विभाग कार्रवाई करे ऐसी मांग हो रही है.