कार में दम घुटने के कारण दो बालको मृत्यृ

बुलढाना. शहर के गवलीपुरा परिसर से सोमवार को दोपहर से परिसर के तीन मासूम बच्चों के अचानक लापता हो जाने से शहर में खलबली मच गई. मामला शहर पुलिस स्टेशन पहुंचने के बाद बच्चों की तलाश युद्धस्तर पर शुरू की

बुलढाना. शहर के गवलीपुरा परिसर से सोमवार को दोपहर से परिसर के तीन मासूम बच्चों के अचानक लापता हो जाने से शहर में खलबली मच गई. मामला शहर पुलिस स्टेशन पहुंचने के बाद बच्चों की तलाश युद्धस्तर पर शुरू की गई. तलाश के दौरान देर रात करीब २ से 3 बजे के दौरान परिसर के नेशनल मंडप डेकोरेशन के सामने खड़ू एक सैंट्रो कार में लापता बच्चे दिखाई दिए.

बच्चों को बाहर निकालकर तुरंत जिला अस्पताल में उपचार हेतु दाखिल किया गया, लेकिन दो मासूम बालकों की आक्सीजन न मिलने के कारण दम घुटने से मौत हो गई. जबकि एक बच्ची को बचा लिया गया. ऐसी जानकारी जिला पुलिस अधीक्षक डा. दिलीप पाटिल •भुजबल ने पत्रपरिषद में दी.

सोमवार १५ जुलाई को गवलीपुरा परिसर के तीन मासूम बच्चे सहर शेख हमीद (4), सहर का फुफेरे भाई शेख साहिल शेख जमील (५) व शेख अजीम शेख शामिर (3) परतवापडा निवासी तीनों आंगनवाडी गए हुए थे. दोपहर करीब १२ बजे के दौरान आंगनवाड़ी छूटने पर बच्चे घर आए व बाहर खेलने के लिए निकल गए. उस समय बच्चों के पास आंगनवाडी से मिली खिचड़ी का डब्बा भी साथ ही था. इसी दौरान बच्चे खेलते खेलते नेशनल मंडप डेकोरेशन के सामने खड़ी लाल रंग की सैंट्रो कार में जा पहुंचे. उक्त कार अनेक दिनों से खराब स्थिति में वही खड़ी है तथा उसका एक दरवाजा खुला हुआ था. बच्चे उसी दरवाजे से कार के अंदर गए व दरवाजा बंद कर लिया. जब बच्चों ने दरवाजा खोलने का प्रयास किया तो उनसे वह दरवाजा नहीं खुला. ऐसा खुलासा जांच कर रही पुलिस की टीम ने स्पष्ट किए जाने की जानकारी जिला पुलिस अधीक्षक ने दी.

श्वान पथक की ली गई मदद

इसी दौरान बच्चों के लापता होने का मामला शहर पुलिस स्टेशन पहुंचा. पुलिस ने गं•भीरता से उक्त मामले को हाथ में लिया व पुलिस की विविध टीमों द्वारा युद्धस्तर पर बच्चों की तलाश शुरू की साथ ही परिसर में श्वान पथक द्वारा बच्चों की तलाश की गई. इसके बाद सीसीटीवी के फुटेज खंगाले गए. जांच के दौरान देर रात करीब २ से 3 बजे उक्त कार के अंदर से बच्ची सहर का हाथ दिखाई दिया व पुलिस कर्मी जब कार के करीब आए तो उन्हे लापता बच्चे कार ही में दिखाई दिए. पुलिस कर्मियों ने तुरंत तीनों बच्चों को निकालकर जिला अस्पताल में उपचार के लिए दाखिल किया. बच्चों की जांच के दौरान शेख अजीम शेख शमिर (3) व साहिल शेख जमील (5) दोनों बच्चों की दम घुटने के कारण मृत्यु हो गई, जबकि सहर को बचाने में पुलिस को सफलता मिली.

नागरिक अफवाहों पर ध्यान न दें: भुजबल

विशेष यह कि, 16 जुलाई की रात को गुरुपूर्णिमा होने के कारण बच्चों की नरबलि देने के लिए अपहरण किया गया होगा. ऐसी अफवाहों का बाजार गर्म था. यह सब अफवाएं थी, नागरिक अफवाहों पर ध्यान न दें, ऐसा आह्वान जिला पुलिस अधीक्षक डा. दिलीप पाटिल भुजबल ने शहरवासियों से की.

बच्चों को तलाशने में वरिष्ठ अधिकारियों समेत समाजिक कार्यकर्ता का विशेष सहयोग मिला. पुलिस प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी अप्पर जिला पुलिस अधीक्षक संदीप डोईफोडे, समेत उपविभागीय अधिकारी, एलसीबी के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ ही सामाजिक कार्यकर्ता, युनूस खान कुरेशी, मो अजहर, जुबेर •भाई, तारीक नदीम, मो अफसर, शहेजाद भाई, शोएब खान, सैयद जुनेद, सैयद उबैद आदि ने पुलिस प्रशासन को सहयोग दिया.