बाघ के हमले में  किसान की मृत्यु

  • राजुरा तहसील के नवेगांव में महीने भर में दूसरी घटना
  • बाघ के हमले में अब तक 6 की मृत्यु

राजुरा. मध्य चांदा वनविभाग अंतर्गत आने वाले विरुर वन परिक्षेत्र के नियत क्षेत्र क्रं. 145 में नवेगांव निवासी गोंविदा भीमराव मडावी (70) जंगल में स्थित अपने खेत में गया था वहा दबिश देकर बैठे बाघ ने उसपर हमला कर दिया जिसमें किसान गोंविदा की मौके पर मृत्यु हो गई। यह घटना आज शनिवार कीदोपहर 3.30 बजे घटी।

नवेगांव से सटे भेंडाला निवासी किसान के जानवरों का बाघ ने शिकार की घटना आज सुबह घटी। लगातार हो रहे बाघ के हमले से परिसर में भय का वातावरण निर्माण हुआ है। इसके पूर्व नवेगांव निवासी एक किसान को बाघ ने अपना शिकार बनाया था। उस समय पर परिसर के नागरिकों ने रोष प्रदर्शन कर वनविभाग को निवेदन देकर बाघ के बंदोबस्त की मांग की थी। वनविभाग ने 15 दिनों में बाघ के बंदोबस्त का आश्वासन दिया था। किंतु पुन: आज यह घटना होने से लोगों में रोष और दहशत का वातावरण है। सूचना मिलते ही विरुर के थानेदार कृष्णकुमार तिवारी, वडतकर और वनविभाग के अधिकारी घटनास्थल पर पहुंचे और शव का पंचनामा बना पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।

उल्लेखनीय है कि पिछले 6 महीने से राजुरा और विरुर परिक्षेत्र में बाघ ने दहशत मचा रखी है। अब तक बाघ के हमले में 6 निरापराधों को अपनी जान गंवानी पडी है। इससे परिसर में बाघ की भारी दहशत है। वनविभाग के कर्मचारी उसे पिंजरे में कैद करने प्रयासों की पराकाष्टा कर रहे है। किंतु यह बाघ पिंजरे में नहीं आ रहा है। इस बीच खेतों में काम करने वाले किसान और खेतिहर मजदूर बाघ का शिकार हो रहे है।