किसानों ने किया कपास जलाओ आंदोलन

  • शेतकरी संगठन ने किया सरकार का विरोध

चंद्रपुर/राजुरा. महाराष्ट्र राज्य के 17 जिलों में प्रमुखता से कपास की पैदावार होती है. किंतु सरकार सफेद सोना उत्पादक किसानों के साथ अन्याय कर रही है. इसके विरोध में शुक्रवार को शेतकरी संगठन के बैनर तले किसानों ने जिले में 5-5 के समूह में मुट्ठी भर कपास जलाकर सरकार की किसान विरोधी नीतियों का विरोध किया.

5-5 के समूहों में प्रदर्शन
राजुरा में शेतकरी संगठन के नेता पूर्व विधायक एड. वामनराव चटप ने अपने घर के सामने 5 कार्यकर्ताओं के साथ मुट्ठी भर कपास जलाकर सरकार का निषेध किया. प्रभाकर ढवस, पी.यू. बोंडे, कपिल इद्दे, मधुकर चिंचोलकर, निखिल बोडे आदि उपस्थित थे. ईशाद शेख ने शेतकरी संगठन में प्रवेश किया. जिले की कपास उत्पादक तहसीलों में भी किसानों ने 5-5 के समूहों में किसानों ने मुट्ठी भर कपास जलाया.

पूरा कपास खरीदें
इस दौरान समर्थन मूल्य पर सीसीआई के कपास खरीदी केंद्रों में पूरा कपास खरीदने, गाड़ियों की मर्यादा को हटाने की मांग की गई. तहसील के गोवरी, रामपुर, देवाड़ा, विरूर स्टेशन, लक्कड़कोट, आर्वी, अहेरी, वरूर, पांचगांव, भुरकुंडा खु., भेदोडा, पांढरपौनी, हरदोना, वरोडा, साखरी, कढोली, मार्डा आदि गांवों के किसानों ने आंदोलन में हिस्सा लिया. हरिदास बोरकुटे, कवडू पोटे, मारोतराव लोहे, भास्कर जुनघरी, रामदास जीवतोड़े, महादेव थेरे, दत्ता हिंगाणे, मोरेश्वर शेरकी, परशुराम इद्दे, संजय करमनकर, किशोर चौधरी, सिंधु लांडे, रामदा कोहपरे, दिलीप देठे आदि ने सरकार का निषेध किया.