ब्राडगेज मेट्रो प्रोजेक्ट में चंद्रपुर नहीं, औद्योगिक जिले को भूल गए गडकरी

    •  प्रोजेक्ट में नागपुर से अमरावती, छिंदवाड़ा, बैतूल, गोंदिया, वड़सा, यवतमाल और रामटेक शहरों को जोड़ा जाएगा.
    •  औद्योगिक जिला होने के नाते व ताड़ोबा राष्ट्रीय उद्यान इस जिले में होने से देश के विभिन्न शहरों से यात्री चंद्रपुर और बल्लारपुर स्टेशन पर आवागमन करते हैं.
    • ऐसे में यदि इन दोनों शहरों को ब्राडगेज मेट्रो से जोड़ा गया, तो जिले के उद्योग और व्यापारिक गतिविधियों में बढ़ोतरी होगी. 

    चंद्रपुर. केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी द्वारा ब्राडगेज मेट्रो के अपने ड्रीम प्रोजेक्ट में औद्योगिक रूप से संपन्न चंद्रपुर जिले को शामिल नहीं करने से जिलावासियों में निराशा का माहौल है. विदर्भ के मुख्यालय नागपुर से विदर्भ और मध्यप्रदेश के कुछ जिलों के लिए ब्राडगेज मेट्रो शुरू करने की घोषणा हाल ही में केंद्रीय मंत्री गडकरी ने की थी.

    विदर्भ और समीप मध्यप्रदेश के जिलों में उद्योग व व्यापार को बढ़ावा देने के लिए प्रस्तावित इस प्रोजेक्ट में नागपुर से अमरावती, छिंदवाड़ा, बैतूल, गोंदिया, वड़सा, यवतमाल और रामटेक जैसे शहरों के लिए 140 किमी प्रतिघंटा की रफ्तार से ब्राडगेज मेट्रो शुरू करने की बात गडकरी ने की है. इस प्रोजेक्ट में विदर्भ के सर्वाधिक औद्योगिक क्षेत्र वाले चंद्रपुर जिले का कहीं कोई उल्लेख नहीं है. जिसके कारण जिले के उद्योग जगत और व्यापारिक क्षेत्र में नाराजगी देखी जा रही है.

    उद्योग जगह भी हैरान

    ब्राडगेज मेट्रो प्रोजेक्ट में जिले को शामिल नहीं करने पर उद्योग जगत भी हैरान है. केंद्रीय मंत्री गडकरी द्वारा घोषित इस प्रोजेक्ट के तहत नागपुर से 8 डिब्बों वाली फास्ट ट्रेन उपरोक्त शहरों के लिए चलाई जाएगी. मेट्रो ट्रेन में 6 डिब्बे बिजनेस क्लास, 2 डिब्बे इकोनामी क्लास के होंगे. पूर्णतः वातानुकूलित मेट्रो ट्रेन में टीवी की भी सुविधा होगी.

    यह प्रोजेक्ट एक से डेढ़ वर्ष में पूर्ण करने की बात कही जा रही है. यह देश में अपने किस्म का पहला प्रोजेक्ट बताया जा रहा है. एक मेट्रो ट्रेन की लागत 30 करोड़ होगी और इसके लिए एमएसएमई से ऋण लिया जा रहा है. मेट्रो ट्रेनों का आर्डर भी दिया जा चुका है. गडकरी ने साफ किया है कि विदर्भ इंडस्ट्रीज एसोसिएशन से बैठक में इस प्रोजेक्ट के बारे में जानकारी दी गई.

    बैठक में एसोसिएशन के जो स्थानीय पदाधिकारी शामिल हुए थे, उन्होंने चंद्रपुर जिले को भी इस प्रोजेक्ट का लाभ मिलने को लेकर क्यों अपनी भूमिका नहीं रखी, यह बात अब जिले में कही जा रही है. खनिज संपत्ति से लबालब चंद्रपुर जिला विदर्भ में एक औद्योगिक जिले के रूप में पहचाना जाता है. जिले में सीमेंट, कोयला, बिजली, कागज, स्टील, स्पंज आयरन जैसे उद्योग हैं. उद्योगों के साथ-साथ यह जिला व्यापारिक गतिविधियों के लिए भी मशहूर है. ऐसे में ब्राडगेज मेट्रो जैसे महत्वाकांक्षी प्रोजेक्ट से इस जिले को वंचित रखना समझ से परे है.

    चंद्रपुर, बल्लारपुर को भी शामिल करें : मुनगंटीवार

    पूर्व वित्तमंत्री सुधीर मुनगंटीवार ने ब्राडगेज मेट्रो प्रोजेक्ट में चंद्रपुर और बल्लारपुर शहरों को भी शामिल करने की गुजारिश केंद्रीय मंत्री गडकरी से की है. मुनगंटीवार ने गडकरी से मुलाकात कर उन्हें एक ज्ञापन सौंपा. चर्चा के दौरान मुनगंटीवार ने गडकरी से चंद्रपुर जैसे औद्योगिक रूप से संपन्न जिले के लिए ब्राडगेज मेट्रो प्रोजेक्ट की बेहद जरूरत होने की बात कही.

    उन्होंने बताया कि जिले का बल्लारपुर रेलवे जंक्शन महाराष्ट्र के प्रमुख जंक्शनों में से एक है. चंद्रपुर रेलवे स्टेशन भी एक व्यस्ततम स्टेशन है. औद्योगिक जिला होने के नाते तथा अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रसिद्ध ताड़ोबा राष्ट्रीय उद्यान इस जिले में होने से देश के विभिन्न शहरों से यात्री चंद्रपुर और बल्लारपुर स्टेशन पर आवागमन करते हैं.

    ऐसे में यदि इन दोनों शहरों को ब्राडगेज मेट्रो से जोड़ा गया, तो जिले के उद्योग और व्यापारिक गतिविधियों में बढ़ोतरी होगी. बताया जाता है कि गडकरी ने इस संबंध में जल्द निर्णय लेने की बात कही. प्रतिनिधिमंडल में फेडरेशन आफ ट्रेंड एंड कामर्स के रामजीवन परमार, दिनेश नथवाणी, सुमेध कोतपल्लीवार, दिनेश बजाज, अनिल टहलियानी शामिल थे.