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    चंद्रपुर. जिले के ग्रामीण क्षेत्रों में कोरोना बाधितों की संख्या बड़े पैमाने पर पायी जा रही है. सौम्य लक्षण वाले मरीजों को गृह विलगीकरण का विकल्प उपलब्ध है. मगर ग्रामीण क्षेत्र में घर में पर्याप्त जगह ना होने से गृह विलगीकरण होना असंभव है. साथ ही गृह विलगीकरण के नियम का पालन संभव नहीं है ऐसे मे ग्रामीणों की उचित देखभाल हो इसके लिए उनके लिए ग्रामपंचायत स्तर पर स्कूल, समाज भवन अथवा ग्रामपंचायत के सुविधा अनुसार उचित स्थान पर विलगीकरण कक्ष स्थापित कर गांव में ही सुविधा उपलब्ध कराने के लिए 1 करोड़ 88 लाख 30 हजार रुपये अनुदान का प्रस्ताव जिला खनिज निधि से मंजूर किए जाने की जानकारी जिलाधिकारी अजय गुल्हाने ने दी.

    827 ग्रापं को अनुदान

    इस निधि से गांव में विलगीकरण कक्ष स्थापित करने, उसमें प्राथमिक सुविधा निर्माण करने, गांव के नागरिकों एवं बाहर से आये नागरिकों के स्वास्थ्य का ध्यान रखने, उन्हें वैद्यकीय सेवा आपूर्ति करने, गांव मे छिड़काव करने, आवश्यक साहित्य खरीदी के लिए प्रत्येक ग्राम पंचायत को खनिज निधि से अनुदान उपलब्ध करके दिया जा रहा है. इसके लिए पांच हजार से अधिक जनसंख्या वाले 22 ग्राम पंचायतों को प्रत्येक को 50 हजार, दो हजार से पांच हजार जनसंख्या वाले 163 ग्राम पंचायतों को प्रत्येक को 30 हजार और दो हजार से कम जनसंख्या वाले 643 ग्राम पंचायतों को 20 हजार के हिसाब से जिले के कुल 827 ग्राम पंचायतों को अनुदान दिया जाएगा.

    उपरोक्त निर्णय के कारण ग्रामीण क्षेत्र के कोरोना बाधित मरीजों को गांव में ही विलगीकरण का विकल्प उपलब्ध होने से दिलासा मिली है मगर गंभीर लक्षण वाले मरीजों को कोविड केअर सेंटर में भरती होना होगा ऐसा आहवान जिलाधिकारी अजय गुल्हाने ने किया है.