Sarpanch

  • सरपंच की तैयारी में जुटे लोगों को करनी होगी प्रतीक्षा

चंद्रपुर/ब्रम्हपुरी. ग्रामपंचायत चुनाव नतीजों के बाद ही अर्थात 15 जनवरी के बाद सरपंच पद का आरक्षण ड्रा निकाले ऐसा आदेश ग्रामविकास विभाग ने दिया है. इसके चलते गांव का मुखिया बनने का सपना संजोये हुए राजनीतिक दलों के प्रमुख दावेदारों का अब और प्रतीक्षा करनी होगी. 

चंद्रपुर जिले में 629  ग्रामपंचायतों में ग्रामपंचायत के  चुनाव होने जारहे है. इसमें ब्रम्हपुरी तहसील के 68 ग्रामपंचायतों का समावेश है.

चुनाव कार्यक्रम घोषित होने के बाद अब राजनीतिक दलों ने ग्राम स्तर पर आघाड़ी बनाने एवं गठबंधन के प्रयास शुरू कर दिए है. इच्छुकों ने भी जनसंपर्क बढा दिया है. गांव के मुखिया का चयन अब सदस्यों के चयन के बाद ही होगा. ऐसा निर्णय होने के बाद पहले ग्रामपंचायत सदस्य बनने की घुड़दौड़ शुरू हो गई है. सरपंच का आरक्षण ड्रा पध्दति से होगा. जो कि चुनाव नतीजों के बाद ही निकाला जाएगे. इसे लेकर भी सरपंच बनने के इच्छुकों में नाराजी है. ब्रम्हपुरी तहसील की 68 ग्रामपंचायतों में सरपंच पद का आरक्षण चुनाव नतीजों के बाद घोषित होने से सभी को तब तक प्रतीक्षा करनी होगी.

उल्लेखनीय है कि  कोरोना संकट के कारण ग्रामपंचायत चुनाव घोषणा में देरी हुई है. पिछले छह महीने में इन ग्रामपंचायतों का कामकाज प्रशासक के देखरेख में शुरू था. प्रशासक भी सरकार द्वारा नियुक्त सरकारी अधिकारी को बनाया गया था. इससे भी राजनीति दलों में नाराजी थी. अब सरपंच पद का आरक्षण चुनाव नतीजो के बाद ही होने से सरंपच बनने के लिए इच्छुकों में निराशा छा गई है. सरपंच संगठन की मांग है कि सरपंच पद का आरक्षण चुनाव नतीजों के पहले ही घोषित किया जाए इससे चुनाव लड़ने में और आसानी होगी. 

इस बीच ग्रामपंचायत चुनाव घोषित होने से राजनीतिक दलों ने चुनाव तैयारियां शुरू कर दी है. चुनाव लड़ने के लिए जो दस्तावेज लगते है उसे बनाने के लिए दौड़धूप शुरू हो गई  है. दलबदल की कोशिशें भी तेज हो गई है. एक दल में चांस नहीं मिलने की स्थिति देख दूसरे दल का दामन थामने वालों की संख्या बढने लगी है.