उमेद की हजारों महिलाओं की जिलाधीश कार्यालय पर दी दस्तक

  • अन्यायकारी नीति के खिलाफ एकजुट हुआ उमेद समूह

चंद्रपुर. महिलाओं की सामाजिक व आर्थिक विकास को गति देने वाले उमेद अभियान निजीकरण के प्रयास सरकार ने शुरु किया है इसके खिलाफ आज स्वयंसहायता समूह की हजारों महिलाओं ने जिलाधीश कार्यालय पर दस्तक दी। चंद्रपुर जिले में पहली बार स्वयंसहायता समूह की महिलाओं ने भारी संख्या में एकत्रित होकर आज 12 सितंबर को जिलाधीश कार्यालय के समक्ष अपनी भावना व्यक्त की है।

सरकार ने केंद्र पुरस्कृत उमेद अभियान के निजीकरण का प्रयास शुरु किया है जिससे हजारों महिलाओं का जीना दुश्वार हो रहा है। सरकार से मिलने वाली निधि ठप पड गई है 7 वर्षो के कडी मेहरत वाली ग्रामसंघ, प्रभागसंघ संस्था पर खतरा मंडराने लगा है। महिलाओं की संस्था बचाकर महिलाओं को मार्गदर्शन करने वाला अभियान निरंतर शुरु रहे और बाह्यसंस्था हस्तक्षेप न करें इस मांग के साथ अन्य मांगों को लेकर आज जिले भर की हजारों की संख्या में महिलाओं ने जिलाधीश कार्यालय पर दस्तक दी।

जमकर उडी सोशल डिस्टन्सिंग की धज्जिया

महिलाओं के इस मोर्चे से जिलाधीश कार्यालय का मार्ग एक घंटे के लिए पूरी तरह से ठप पड गया। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक खैरे ने अपने दल के साथ पहुंचकर मोर्चे को नियंत्रित किया। किंतु रास्ते पर जाम लग जाने से आम नागरिकों को परेशानी का सामना करना पडा। कोरोना संक्रमण को देखते हुए जिला प्रशासन ने दो गज की दूरी बनाये रखने की अपील की है। किंतु मोर्चे में शामिल महिलाओं ने इस आदेश की अवहेलना की है। बताया जाता है कि कई महिलाओं को तो मोर्चे का उद्देश्य ही ज्ञात नहीं था। इसके बावजूद वे मोर्चे में शामिल थी।