Naxalites

रायपुर.  छत्तीसगढ़ के नक्सल प्रभावित दंतेवाड़ा जिले में शिविर से भागे छत्तीसगढ़ सशस्त्र बल के जवान की हत्या हो गई है। पुलिस ने इसके पीछे नक्सलियों का हाथ होने की आंशका जताई है। दंतेवाड़ा जिले के पुलिस अधीक्षक अभिषेक पल्ल्व ने मंगलवार को बताया कि जिले के बोदली और कड़ेमटा गांव के मध्य जंगल में पुलिस ने छत्तीसगढ़ सशस्त्र बल के हवलदार कनेश्वर नेताम (32) का शव बरामद किया है। पल्लव ने बताया कि छत्तीसगढ़ सशस्त्र बल के 22 वीं बटालियन का जवान नेताम का पिछले महीने उसके गृह जिले कांकेर से बोदली शिविर में तबादला किया गया था।

पुलिस अधिकारी ने बताया कि नेताम का तबादला होने के बाद वह 25 अगस्त को बोदली शिविर आया तथा 28 अगस्त को वह बगैर किसी को बताए कहीं चला गया। बाद में वह वापस नहीं लौटा। पल्लव ने बताया कि जवान के लापता होने के बाद दूसरे दिन उसकी खोज में पुलिस दल को रवाना किया गया था। इस दौरान पुलिस को जानकारी मिली कि उसने करीब के घोटिया गांव में किसी के घर में खाना खाया था तथा एक ग्रामीण ने उसे केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल के मालेवाही गांव स्थिति शिविर तक पहुंचाया था लेकिन नेताम शिविर तक नहीं गया और वहां से भाग गया।

पुलिस अधीक्षक ने बताया कि पुलिस को आशंका है कि जंगल में पहुंचने के बाद नेताम को नक्सलियों ने पकड़ लिया था और बाद में उसकी हत्या कर दी गई। उसके सिर पर चोट के निशान मिले हैं। उसके शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। अधिकारी ने बताया कि शव के करीब से कोई भी पर्चा बरामद नहीं किया गया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है। पल्लव ने बताया कि पुलिस को जानकारी मिली है कि नेताम इससे पहले भी गीदम में तैनाती के दौरान ड्यूटी से बिना बताए कहीं चला गया था तथा दो—तीन दिनों बाद लौट आया था।