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    – विनय कुमार

    भारतीय क्रिकेट टीम के घातक ऑफ़ स्पिनर रविचंद्रन अश्विन (Ravichandran Ashwin) अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में 500 से ज्यादा विकेट हासिल कर चुके हैं। वे भारत की टेस्ट टीम के सबसे भरोसेमंद गेंदबाजों में से एक हैं। इंग्लैंड के खिलाफ 5 मैचों की टेस्ट सीरीज में टीम इंडिया और विराट सेना के चाहने वाले करोड़ों क्रिकेटप्रेमियों को उनसे काफी उम्मीदें हैं। इंग्लैंड में टेस्ट सीरीज से पहले अपनी गेंदबाजी की धार और मारक बनाने के लिए रविचंद्रन अश्विन (Ravichanran Ashwin) ने ‘काउंटी चैंपियनशिप’ (County Championship) में भी खेलने का फैसला किया।

    उन्होंने ‘काउंटी चैंपियनशिप’ खेलते हुए  शानदार प्रदर्शन किया है। अश्विन ने ‘सरे’ (Surrey Cricket Club England) की तरफ़ से खेलते हुए ‘समरसेट’ (Somerset County Cricket Club England) के खिलाफ सिर्फ 15 ओवर में 27 रन देकर 6 विकेट झटक लिए। काउंटी क्रिकेट में यह अश्विन का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन भी है।

    हालांकि, क्रिकेट का इतिहास बताता है कि, ‘सरे’ के लिए बेस्ट इंडियन बोलर का कीर्तिमान अनिल कुंबले (Best Indian Bowler Surrey Anil Kumble) के नाम दर्ज है। अनिल कुंबले (Anil Kumble) ने 2006 में नॉटिंघमशायर के खिलाफ (Nottinghamshire vs Surrey 2006) ओवल मैदान पर 100 रन देकर 8 विकेट चटकाए थे।

    इस मामले में भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व गेंदबाज प्रज्ञान ओझा (Pragyan Ojha) दूसरे नंबर पर हैं। प्रज्ञान ने 2011 में नॉटिंघमशायर के खिलाफ 8 रन देकर 6 विकेट हासिल किए थे। तीसरे नंबर पर अब रविचंद्रन अश्विन (Ravichandran Ashwin) आ गए हैं। अश्विन से पहले तीसरे नंबर पर ‘टर्बनेटर’ हरभजन सिंह (Harbhajan Singh) थे, जिन्होंने 2005 में हैम्पशायर (Hampshire) के खिलाफ 36 रन देकर 6 विकेट हासिल किए थे।

    लेकिन, ये कोई पहली बार नहीं है कि अश्विन ने ‘काउंटी क्रिकेट’ ऐसा शानदार प्रदर्शन किया है। वह पहले भी ‘काउंटी चैंपियनशिप’ (County Championship) में कई बार अपनी बलखाती स्पिन गेंदबाजी का जलवा दिखा चुके हैं। रविचंद्रन अश्विन ने अब तक  काउंटी क्रिकेट 10 मैच खेले हैं, जिनमें उन्होंने 7 मैचों में 5 या इससे ज्यादा विकेट चटकाए हैं।

    अश्विन ने पहली बार 2017 में वारविकशायर (Warwickshire) की तरफ से खेलते हुए ग्लूस्टरशायर (Gloucestershire) के खिलाफ खेले मैच में  5 विकेट हासिल किए थे। उस मैच में उन्होंने 34 ओवर में 68 रन देकर 5 विकेट झटके थे। उसी साल उन्होंने डरहम (Durham) के खिलाफ खेले मैच में 95 रन देकर 5 विकेट उड़ाए थे।

    इसके बाद 2019 में भी अश्विन का जलवा नजर आया। उन्होंने 2019 में नॉटिंघमशायर (Nottinghamshire) की तरफ से खेलते हुए समरसेट (Somerset), सरे (Surrey), सरे (Surrey) और केंट (Kent) के खिलाफ क्रमशः 5, 6, 6 और 5 विकेट हासिल किए थे।

    क्रिकेट का इतिहास बताता है कि, रविचंद्रन अश्विन (Ravichandran Ashwin off-spinner Team India) टेस्ट क्रिकेट में 413 विकेट झटक हैं। वे टेस्ट क्रिकेट में सबसे ज्यादा विकेट लेने वाले भारतीय गेंदबाजों में चौथे नंबर पर हैं। इंग्लैंड के खिलाफ सीरीज (IND vs ENG Test Series in England 2021) में उनके पास दूसरे पायदान पर पहुंचने का मौका भी रहेगा। यही नहीं, अश्विन हरभजन सिंह (Harbhajan Singh) और कपिल देव (Kapil Dev) के टेस्ट विकेटों के आंकड़ों को भी पछाड़ सकते हैं।

    गौरतलब है कि, भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान और ऑल राउंडर कपिल देव (Kapil Dev Former Captain All Rounder Team India) ने अपने 16 साल लंबे टेस्ट करियर में 131 मैच खेले और 434 अंतरराष्ट्रीय विकेट हासिल लिए थे। हरभजन सिंह (Harbhajan Singh) ने अब तक अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास नहीं लिया है, लेकिन, उन्होंने अपना आखिरी टेस्ट मैच अगस्त 2015 में खेला था। उन्होंने अपने टेस्ट करियर में 1998 से 2015 के दौरान 103 टेस्ट मैच खेले और 417 विकेट हासिल किए।

    गौर करने वाली बात तो अब ये है कि, टीम इंडिया के धुरंधर स्पिनर रविचंद्रन अश्विन के पास इंग्लैंड के खिलाफ आगामी 5 मैचों की टेस्ट सीरीज में हरभजन सिंह और कपिल देव, दोनों ही महान गेंदबाजों के कीर्तिमानों को पछाड़ने का मौका होगा। अगर इस सीरीज में वे 22 विकेट हासिल कर लेते हैं, तो वे कपिल देव और हरभजन सिंह दोनों से  निकल जाएंगे।