जिनके कैच छोड़े वही बन गए घातक, किसने जिताई सचिन की टीम को

    – विनय कुमार

    ‘रोड सेफ्टी वर्ल्ड सीरीज’ (Road Safety World Series Tournament) के इनोगरल सीज़न (Ingaugral Season) के सेमीफाइनल मैच में मास्टर ब्लास्टर सचिन तेंडुलकर (Sachin Tendulkar) की कप्तानी वाली टीम ‘India Legends’ ने ‘West Indies Legends’ को बड़े ही रोमांचक मैच में 12 रनों हरा दिया और फाइनल में अपनी जगह पक्की कर ली।

    ‘वेस्टइंडीज लीजेंड्स’ (West Indies Legends) के खिलाफ खेला गया सेमीफाइनल बेहद रोमांचक रहा। ‘इंडिया लीजेंड्स’ ने 218 रन बनाए। 

    ‘वेस्टइंडीज लीजेंड्स’ ने इस मैच में टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी करने का फैसला किया और इंडिया लीजेंड्स को बल्लेबाजी का न्योता दिया। ‘इंडिया लीजेंड्स’ 20 ओवर में 3 विकेट खोकर 218 रन का विशाल स्कोर खड़ा कर दिया। मास्टर ब्लास्टर सचिन तेंडुलकर की टीम के धुरंधरों ने वेस्ट इंडीज लीजेंड्स के गेंदबाज़ों को खूब धोया।

    नज़फगढ़ के नवाब वीरेंद्र सहवाग ने 35, सचिन तेंडुलकर ने 65, सिक्सर किंग युवराज सिंहने 49, युसुफ पठान ने 37 और मोहम्मद कैफ ने 27 रनों की धमाकेदार पारी खेली। जिसे देखकर शायद टीम इंडिया की विराट सेना के सूरमा बल्लेबाजों को शर्म आ गई होगी। ‘इंडिया लीजेंड्स’ ने विस्फोटक पारी खेली और लगातार दूसरे मैच में 200 से ज्यादा रन बनाए।

    चूंकि 218 रनों का पहाड़ सा लक्ष्य देख कर ऐसा लगा कि ‘वेस्ट इंडीज लीजेंड्स’ के लिए इस लक्ष्य को हासिल करना आसान नहीं होगा और सचिन तेंडुलकर की भारतीय टीम आसानी से जीत जाएगी। लेकिन, ऐसा नहीं हुआ।  

    भारत की तरफ से तेज़ गेंदबाज इरफान पठान (Irfan Pathan) ने बोलिंग की शुरुआत की। और पहले ही ओवर में उन्होंने 5 वाइड गेंद फेंकी और  इस ओवर में 3 चौके झेले। ‘वेस्ट इंडीज लीजेंड्स’ के लिए खाली प्लेट में शुरुआत गरम जलेबी के साथ ताज़ा मलाई जैसी थी। पहले ही ओवर में उन्हें 19 रन हासिल हो गए। 

    ‘वेस्टइंडीज लीजेंड्स’ की तरफ से ड्वेन स्मिथ ने 36 गेंदों में 9 चौके और 2 शानदार छक्के ठोके और 63 रनों की जबरदस्त पारी खेली। नरसिंह देवनारायण ने 44 गेंदों में 5 चौके और 2 छक्के लगाकर 59 रनों की विस्फोटक पारी खेली। टीम के धाकड़ कप्तान ब्रायन लारा (Brian Lara Captain West Indies Legends) ने भी सिर्फ 28 गेंदों में 4 जानदार चौके के साथ 2 शानदार छक्के ठोकते हुए बेहतरीन 46 रन बनाए।

    मैच के आखिरी ओवर तक रोमांच बना हुआ था। अंतिम ओवर में ‘वेस्टइंडीज लेजेंड्स’ (West Indies Legends) को जीत के लिए  17 रन बनाने थे। लेकिन, इरफान पठान ने इस ओवर में अपनी गेंदबाजी के जाल में नरसिंह देवनारायण को फंसा हो लिया और उन्हें रन आउट कर दिया। इस ओवर में ‘वेस्ट इंडीज लीजेंड्स’ 5 रन ही बना पाया और सेमीफाइनल भारत की टीम ‘इंडिया लीजेंड्स’ (India Legends) के नाम हो गया। 

    हालांकि, भारतीय बल्लेबाजी जबरदस्त थी, लेकिन फील्डिंग और गेंदबाजी में ‘इंडिया लीजेंड्स’ ढीली नजर आई। तेंडुलकर की टीम के खिलाड़ियों के हाथ से कई कैच छूटे। जिसके कारण ‘वेस्ट इंडीज लीजेंड्स’ के खिलाड़ियों को जीवनदान मिला और वही बल्लेबाज इस मैच को भारत की मुट्ठी से छीनने पर आ गया था, पर नसीब साथ दे गया और सचिन तेंडुलकर की टीम फाइनल पहुंच गई। बहरहाल, मैच बेहद रोमांचक था।