तुलसी जयंती के मौके पर वर्चुअल माध्यम से काव्य गोष्ठी वेविनार

नई दिल्ली: केन्द्रीय राजभाषा हिंदी विकास परिषद के तत्त्वावधान में २७-०७-२०२०, सोमवार, श्रावण शुक्ल सप्तमी को ‘५२४वीं तुलसी जयंती’ पर आयोजित काव्य गोष्ठी ‘जूम एप’ वेविनार का आयोजन हुआ। राष्ट्रीय महासचिव (राष्ट्रीय नमो सेना-नई दिल्ली) संस्थापक और रचनात्मक निदेशक एसवीआई मीडिया हाउस केन्द्रीय राज भाषा हिंदी विकास परिषद के कार्यकारी अध्यक्ष- श्री दिनेश श्रीवास्तव ने- हिंदी सहित्य के युगप्रवर्तक पुरोधा–डॉ. श्रीभगवान तिवारी जी के जन्म दिन -1 अगस्त-२०२० को हिंदी साहित्य में सबसे अलग और अनूठी ८२वीं जन्म तिथि वेविनार मनाने का आह्वान किया है.

संस्थापक  डॉ.श्रीभगवान तिवारी ने तुलसीदास के महत्त्व को बताते हुए गोष्ठी की शुरुआत की।रामव्यास उपाध्याय ने अध्यक्षता की। मुख्य अतिथि श्री दिनेश श्रीवास्तव ने तुलसीदास के विशेष अनमोल दोहे, जिनमें जीवन का सार है. 

‘ तुलसी मीठे बचन ते सुख उपजत चहुंओर |

बसीकरन इक मंत्र है परिहरू बचन कठोर “

तथा 

श्रीराम स्तुति-

“श्री रामचंद्र कृपालु भजु मन हरण भवभय दारुणम्|
नवकंज-लोचन, कंज-मुख, कर कंज, पद कंजारुणम्|

कंदर्प अगणित अमित छबि, नवनील नीरद सुंदरम् |
पट पीत मानहु तड़ित रुचि शुचि नौमि जनक-सुतावरम्|

भजु दीनबंधु दिनेश दानव दैत्यवंश निकंदनम् |
रघुनंद आनँदकंद कोसलचंद दशरथ नंदनम् |

सिर मुकुट कुंडल तिलक चारु उदारु अंग विभूषणम् |
आजानुभुज शर-चाप-धर संग्राम जित खर दूषणम् |

इति वदति तुलसीदास शंकर-शेष-मुनि-मन रंजनम् |
मम हृदय कंज निवास कुरु कामादि खल दल गंजनम् |” 

काव्य गोष्ठी में  उमेश पाण्डेय, जवाहरलाल निर्झर, रामस्वरूप साहु,प्रतीक दूबे,अवनीश सिंह,शशी पटेल, दिनेश श्रीवास्तव,रामव्यास उपाध्याय, अमर बहादुर पटेल ने भाग लिया। – प्रस्तुत की। संचालन अमर बहादुर पटेल ने किया। अवनीश सिंह ने आभार व्यक्त किया |