Kangana Ranaut, Padma Shri

    मुंबई: बॉलीवुड एक्ट्रेस कंगना रनौत (Kangana Ranaut) इन दिनों अपनी फिल्मों और निजी ज़िन्दगी को लेकर सुर्खियों में है। कंगना को अपने बेबाक अंदाज के लिए जाना जाता है। कंगना हमेशा अपने किसी फिल्म के वजह से या अपने सोशल मीडिया अकाउंट के पोस्ट की वजह से, या तो कभी अपने बयानों की वजह से सुर्खियों में बनी रहती हैं। कंगना सामाजिक और राजनीतिक हर एक मुद्दे पर खुलकर अपनी राय रखती नजर आती हैं। बॉलीवुड में कंगना के पंगे की चर्चे बहुत है। कंगना को बॉलीवुड की पंगा गर्ल कहा जाता है।

    ऐसे में कंगना ने हाल ही में ‘‘भीख” में आजादी मिलने को लेकर एक विवादित बयान दिया हैं। उनके इस बयान के बाद सोशल मीडिया पर पॉलिटिकल पार्टीज से लेकर कई लोग उनके पीछे पढ़ गए हैं। अब कंगना ने इस पर अपनी सफाई दी हैं। कंगना ने लंबी पोस्ट के जरिये अपने इंस्टाग्राम स्टोरी पर अपने इस बयान को सही बताया है। साथ ही एक्ट्रेस ने ये भी दवा किया है कि अपना पद्मश्री सम्मान वापस कर देंगी अगर कोई मुझे ये बता दे कि 1947 में क्या हुआ था। 

    एक्ट्रेस ने अपने इंस्टाग्राम स्टोरी में एक फोटो शेयर कर लिखा- सब कुछ बहुत ही स्पष्ट रूप से मेंशन है। उसी इंटरव्यू में 1857 में पहली लड़ाई हुई थी। आजादी के लिए कोई लोगों ने बलिदान दिया था। जैसे कि रानी लक्ष्मी बाई, सुभाष चंद्र बोस, और वीर सावरकर जी। 1857 मुझे पता है कौन सी लड़ाई 1947 में लड़ी गई थी, मैं इससे अवेयर नहीं हूं।;

    एक्ट्रेस ने आगे लिखा- मैंने रानी लक्ष्मीबाई पर बनी फिल्म में काम किया है। 1857 में हुई इस लड़ाई पर काफी रिसर्च किया है। राष्ट्रवाद के साथ दक्षिणपंथ का भी उभार हुआ लेकिन फिर अचानक कैसे गायब हो गया। आखिर गांधी ने भगत सिंह को क्यों मरने दिया था। और आखिर क्यों नेता बोस की हत्या हुई थी। तभी क्यों गांधी जी ने उन्हें सपोर्ट नहीं किया था। जहां तक आजादी की बात है आखिर क्यों बंटवारे की रेखा अंग्रेज द्वारा खींची गई थी। खुशियां मनाने के बजाय भारतीय एक दूसरे को मार रहे थे। मुझे इन सभी सवालों के जवाब चाहिए। जिसके लिए मुझे मदद की जरूरत है।’ कंगना और भी कई साड़ी बाते अपने पोस्ट की जरिये लिखी।