सिंधी समाज को जमीन के पट्टे देने की मांग

    • व्यापारी संगठन के अध्यक्ष अनिल साधवानी ने उपमुख्यमंत्री को सौंपा ज्ञापन

    गड़चिरोली. देसाईगंज शहर में पिछले 64 वर्षों से जीवनयापन करनेवाले सिंधी समाज के परिवारों को अब तक जमीन का पट्टा नहीं मिला है. फलस्वरूप इस समाज के लोगों को अनेक संकटों का सामना करना पड़ रहा है. इससे तत्काल सिंधी समाज के नागरिकों को जमीन के पट्टे देकर न्याय दिलाने की मांग विश्व सिंधी सेवा संगम युवा विंग के उपाध्यक्ष तथा जनरल व्यापारी संगठन के अध्यक्ष अनिल साधवानी ने राज्य के उपमुख्यमंत्री अजित पवार, मंत्री बच्चू कडू समेत अन्य मंत्रियों को सौंपे ज्ञापन में की है.

    ज्ञापन में कहा गया है कि, भारत पाकिस्थान का विभाजन होने के बाद करीब 64 सिंधी भाषिक परिवारर देसाईगंज शहर में आकर बसे. उस समय उन्हें निवास के लिये सरकार द्वारा जगह उपलब्ध कराई गई थी. लेकिन अब तक केवल 3 लोगों को सरकार द्वारा जमीन के पट्टे उपलब्ध करए गए है. वहीं शेष परिवार के अब 64 वर्षों की अवधि के बाद भी जमीन के पट्टे से वंचित है.

    इस समाज के लोग विभिन्न व्यवसाय कर अपना जीवनयापन कर रहे है. लेकिन गत वर्ष नोटबंदी और जीएसटी की मार से संवारने का प्रयास किया जा रहा था कि, कोरोना संक्रमण के चलते व्यापार बंद होकर यहां के व्यावसियों को वित्तीय संकट का सामना करना पड़ा. बाजार मंडी में व्यापारियों के प्रतिष्ठान है.

    प्रतिष्ठान की  जगह गिरवी रख बैंक से कर्ज नहीं मिलने से मध्यमवर्गीय व्यापारी पूरी तरह संकट में पड़ गए है. फलस्वरूप देसाईगंज शहर के सिंधी समाज के व्यापारियों को न्याय दिलाने के लिये जमीन के पट्टे दिलाने की मांग ज्ञापन में की गई.  जहां उपमुख्यमंत्री पवार ने जिलाधीश कार्यालय से संपर्क कर समस्या जल्द से जल्द हल करने का निर्देश देने की बात साधवानी ने प्रेस विज्ञप्ति में कहीं है.