भामरागड तहसील के 18 गांवों के मजदुर तेंदूपत्ता राशी से वंचित

  • ठेकेदार पर पुलिस कार्रवाई से मजदुरी बकाया
  • राशी प्राप्त के लिए जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपकर की मांग

गडचिरोली. कोरोना प्रादुर्भाव से पहले की रोजगार छिना गया होने से  इस वर्ष की सीजन मे भामरागड तहसील के 18 गांव में हुए तेंदूपत्ता संकलन की राशी अप्राप्त होने से तेंदूपत्ता मजदुरों को वत्तिीय संकटो का सामना करना पड रहा है. संबंधित ठेकेदार पर पुलिस की कार्रवाई से राशी अटकी हुई होकर जिला प्रशासन तेंदू संकलन करनेवाले मजदुरों की राशी ठेकेदार से दिलाए, ऐसी मांग भामरागड तहसील के 18 गांवों के ग्रामीणों ने जिलाधिकारी को भेजे ज्ञापन द्वारा की है. 

ज्ञापन में कहा है की, भामरागड तहसील के ग्रामसभा द्वारा ग्रामपंचायत मलमपोडुर, लाहेरी, होड्री, पिरंगी के 18 गांवों ने तेंदूपत्ता ठेकेदार वरंगल निवासी मोहम्मद बासु मियो के साथ प्रतिबोरा 800 रूपए के तहत तेंदूपत्ता का समझौता किया. किंतु कोरोना वायरस का संक्रमण को ध्यान में लेकर जिलें में संचारबंदी तथा लॉकडाउन की घोषणा की गई होने से निलामी प्रक्रिया संपन्न होना असंभव हुआ. जिससे संबंधित ग्रामसभा ने ठेकेदार को ग्रामपंचायत मलमपोडुर में बुलवाकर तेंदूपत्ता का दर नश्चिति कर तेंदू संकलन किया गया. दौरान तेंदूपत्ता संकलन की राशी की मांग ठेकेदार की ओर करने से राशी लाते समय सिरोंचा तहसील में पुलिस ने संबंधित ठेकेदार के मैनेजर संजय अवथरे तथा चालक को गिरफ्तार कर राशी जप्त की गई. जिससे संबंधित 18 गांव के तेंदू मजदुरों की राशी अब तक प्राप्त नही हो सकी.

तहसील  अतिदुर्गम क्षेत्र में आने से इन नागरिकों के लिए तेंदूपत्ता यह एकमात्र रोजगार का स्त्रोत है. तेंदूपता की सीजन पर परिवार का साल का खर्च साथ ही खेत उपयोगी कार्य पुरे किए जाते है. किंतु ठेकेदार पर पुलिस कार्रवाई होने से तेंदूपत्ता की राशी किससे मांगे, ऐसा प्रश्न उपस्थित कर तेंदूपत्ता संकलन की राशी दिलाए, ऐसी मांग सामाजिक कार्यकर्ते लक्कीकुमार ओक्सा के नेतृत्व में संबंधित 18 गांव के तेंदूपत्ता मजदुरों ने जिलाधिकारी को ज्ञापन द्वारा की है. ज्ञापन पेश करते साधुराम वड्डे, दिनेश गावडे, रमेश मडकामी, संजय तिमा, मनोहर सडमेक, संजय तिरसा, विनाय पुंगाटी आदी समेत ग्रामीण उपस्थित थे.