सिरोंचा के क्रीडा संकुल की अनेक समस्याएं उजागर

  • तहसील क्रिडा अधिकारी ने लिया क्रिडा संकुल का जायजा

सिरोंचा. सिरोंचा तहसील मुख्यालय में खिलाडियों को खेल संदर्भ में सुविधाएं उपलब्ध कराने के दृष्टि से क्रिडा संकुल निर्माण किया गया है. मात्र क्रीडा संकुल में विभीन्न समस्याओं का अंबार है. जिससे हाल ही में तहसील क्रिडा अधिकारी जयलक्ष्मी सारिकोंडा ने भेट देने पर विभीन्न समस्याएं उजागर हुई. जिससे उन्होने समस्याओं के निराकरण के लिए प्रयास करने का आश्वासन दिया. उनके भेट के चलते जल्द ही क्रीडा संकुल की समस्याओं का निराकरण होने की उम्मीद जगी है. 

सरकार ने खेल की और विद्यर्थियों का आकर्षण बढे इस उद्देश से प्रत्येक तहसील मुख्यालय में करीब 2 दशक पूर्व क्रीड़ा संकुल का निर्माण किया. ताकि खेलवृत्ति वाले विद्यार्थी तथा अन्य युवा खेल पर अपना कैरियर बनाए पर यह सब सपना बन के ऱह गया. खेल के मैदान सिर्फ कागजों पर सिमट कर रह गए. जिले के लगभग क्रीड़ा संकुल अपने बुरे दिन गईं रहे है. वैसे में कोई क्रीड़ा अधिकारी मैदानों का जायजा लेने दूर दराज दुर्गम भागो का दौरा कर तो मैदानो के लिए किसी संजीवनी से कम नही है. 

केंद्र सरकार की योजना खेलेगा इंडिया तो खिलेगा इंडिया का यहाँ दूर दूर तक नामो निशान नजर नही आता लॉकडाऊन के चलते राज्य सरकार ने कई निर्देश जारी किए. जिसमे क्रीड़ा संकुल में बने बैटमिंटन कोर्ट खेलने के लिए खुले कर दिए गए. हाल ही में बैटमिंटन कोर्ट में उड़न मैदान बनाये गए. कोरोना संक्रमण के चलते खेल के मैदान भी बंद कर दिए गए है. ऐसे में अनेक क्रीड़ा संकुल में बनाए गए बैटमिंटन के लकड़ी के मैदानों को दिमक लगने की आशंका थी. पर लॉकडाऊन के बाद अगर मैदान खुल जाएंगे तो मैदान खराब होने से बच जाएंगे. सिरोंचा के क्रीड़ा संकुल को आम लोगो के लिये खोला नही गया है. यहाँ सिर्फ विशिष्ट लोग ही खेल रहे है 

हाल ही में तहसील क्रीडा अधिकारी जयलक्ष्मी सारिकोंडा ने सिरोंचा क्रीड़ा संकुल का जायजा लिया. तब उन्हे यहाँ सुविधाओ का अभाव नजर आया. यहां शुद्ध पेजयल की सुविधा नहीं है. रनिंग ट्रेक क्षतिग्रस्त हुआ है. मैदान में घास की जगह बड़े बड़े पेड़ बन गए है. बास्केट बॉल का कोर्ट शादियों की पार्टी के लिए फोड़ दिया गया है. रात में मैदान में अंधेरा होता हैं. सेक्युरिटी गार्ड नही है. इन सब बातों को देख जयलक्ष्मी सारिकोंडा ने स्थानीय खिलाड़ियों से वार्तालाप करते हुए जल्द से जल्द सारी सुविधाओ की पूर्ति की जाएगी. बतां दे कि, उन्हके पास सिरोंचा तहसील के अलावा और 4 तहसील के कार्यभार है. . ऐसे में देखना है कितना समय द्दे पाते है. इस समय तहसील क्रीड़ा संयोजक जुनघरे तथा जिला परिषद के अतुल सोनेकर, हेमंत पीपरे आदि उपस्थित थे.