कृषी कार्यालय द्वारा मार्गदर्शन की आवश्यकता

गड़चिरोली. इस वर्ष खरीप सीजन में धान फसलों पर कीटों के प्रादुर्भाव से किसानों के हाथ कुछ नहीं लग पाया. इसका फटका सहन करते वक्त फिर से तुअर फसलों पर कीटों का प्रादुर्भाव देखा जाने से किसानों में निराशा छा गई है. इन कीटों का सामना कैसे करे यह सवाल किसानों के मन में आ रहा है. जिससे सरकार निशुल्क दवा वितरित कर किसानों को राहत दिलाने के लिए कृषी कार्यालय से किसानों के बांध पर आकर मार्गदर्शन करे ऐसी उम्मीद किसानों द्वारा व्यक्त हो रही है.

धान के साथ अब तुअर फसल ने भी की निराशा

धान फसलों पर विभिन्न कीटों का प्रादुर्भाव हुआ था. इन कीटों को नष्ट करने के लिए विभिन्न प्रकार की महंगी दवाई का छिडकाव किया गया. मात्र इसका लाभ नहीं हो सका. इस वर्ष धान फसलों का भारी नुकसान होकर उत्पन्न कम हो रहा था. उसके बाद तुअर फसल अच्छी होने पर नुकसान भरने की आंस किसानों को थी. मात्र तुअर फसलों पर भी बदरीले मौसम व कीटों के प्रादुर्भाव से किसानों में निराशा छा गई. धान के साथ साथ अब तुअर फसल से भी उत्पादन खर्च नही निकलने की तस्वीर है. – भाष्कर भेंडारे, किसान, नवेगाव.