Kisan Rail
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गोंदिया. किसानों की मदद करने तथा देश भर में कृषि उत्पादों की तुरंत ढुलाई सुगम करने के उद्देश्य से महत्वपूर्ण कदम उठाते हुये रेल प्रशासन द्वारा किसान रेल चलाने की दिशा में कार्य किया जा रहा है. दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे द्वारा कृषि व बागवानी उत्पादों को ले जाने के लिए छिंदवाड़ा व हावड़ा के बीच एक फेरे के लिए 28 अक्टूबर को किसान रेल चलाई गई थी.

इसको मिले अच्छे प्रतिसाद को देखते हुए पुन: 2 दिसंबर को छिंदवाड़ा से हावड़ा के लिए 00883 किसान रेल मंडल रेल प्रबंधक मनिन्दर उप्पल के मार्गदर्शन वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक विकास कुमार कश्यप के दिशा निर्देश में चलाई गई. वापसी में यह ट्रेन हावड़ा से 3 दिसंबर को चलेगी.

इसमें नागपुर मंडल के अंतर्गत छिंदवाड़ा, सौसर , सावनेर , इतवारी, भंडारा रोड, गोंदिया व राजनांदगांव स्टेशनों से लगभग 174.46 टन फल-सब्जी व अन्य पार्सल बुक किया गया है, जिसमें मुख्यत: छिंदवाड़ा से पत्तागोभी, सौसर से संतरा, इतवारी से अनार, संतरा, मौसंबी, अदरक, कटहल, भंडारा रोड़ से मिर्ची, गोंदिया से अदरक, हल्दी, लहसुन तथा राजनांदगाव से अमरूद व लौकी आदि शामिल हैं. 

उपज के नुकसान से मिली राहत

किसानों और कारोबारियों के लिए उनके उत्पादों की अच्छी कीमत दिलाने में भी मददगार साबित हुआ है.  क्षेत्रीय किसानों द्वारा इस ट्रेन के माध्यम से फल, सब्जियां व जल्दी खराब होने वाली खाद्दय सामग्री की ढुलाई सुगम, सुचारु, सुरक्षित व कम दामों पर किया गया है.

किसान रेल के परिचालन के कारण उपज खराब होने के कारण होने वाली क्षति से किसानों को राहत तो मिलेगी, साथ ही फल व सब्जियों की ढुलाई में 50 प्रश की छूट से किसान न केवल लाभांवित हुये बल्कि कम लागत पर अपनी उपज नए संभावित मार्केट तक भेजने में सक्षम भी होंगे.  किसान ट्रेन से किसानों और उपभोक्ताओं दोनों को ही फायदा होगा. कोरोनाकाल के दौरान दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे नागपुर मंडल के द्वारा इस क्षेत्र किए गए बेहतर कार्य आने वाले दिनों में एक आशानुरूप राह को स्पष्ट दर्शाता है.