आरक्षण के समर्थन में आंदोलन आज, सरकारों की तटस्थ भूमिका का करेंगे विरोध

    गोंदिया . प्रशासकीय भवन, डा. बाबासाहेब आंबेडकर प्रतिमा परिसर में शनिवार, 26 जून को सुबह 11 बजे आरक्षण हक्क कृति समिति द्वारा आंदोलन किया जाएगा. महाविकास अघाड़ी सरकार पिछड़े वर्गों से एससी, एसटी, एनटी, डीटी और ओबीसी के पदोन्नति में आरक्षण को समाप्त करने तथा स्थानीय स्वराज्य संस्थाओं में आरक्षण समाप्त करने की कोशिश सरकार कर रही है. जिसे लेकर सरकार के प्रति आक्रोश व्याप्त है.

    सरकार में एक राजनीतिक दल आरक्षण के खिलाफ काम कर रहा है, दूसरा पक्ष तटस्थ है, सरकार में तीसरा पक्ष काम नहीं कर रहा है. पिछड़े वर्गों के 100 से अधिक विभिन्न कर्मचारी और अधिकारी संघ एक साथ आए हैं और एक आरक्षण हक्क कृति समिति का गठन किया गया है.  इस समिति की ओर से 26 जून को सुबह 11 बजे राज्य  के सभी जिला मुख्यालयों पर पिछड़ा वर्ग का आंदोलन/मार्च आयोजित है. इसी क्रम में  जिले में भी आरक्षण हक्क कृति समिति की ओर से  डा. आंबेडकर प्रतिमा परिसर में आंदोलन होगा. उसके बाद  समस्त संगठन प्रमुखों की उपस्थिति में  मुख्यमंत्री, राज्यपाल के नाम मांगों का ज्ञापन सौंपा जाएगा. 

    इन संगठनों व नेताओं का समर्थन साथ

    जिले में हो रहे आंदोलन को संविधान मैत्री संघ, संभाजी ब्रिगेड, जिजाऊ ब्रिगेड, मराठा सेवा संघ, ओबीसी सेवा संघ, ओबीसी संघर्ष कृति समिति, आदिवासी पीपुल्स फेडरेशन, युवा बहुजन मंच, अवंतीबाई लोधी महासभा, मातंग समाज संघ आदि के साथ-साथ बीआरएसपी, वंचित आघाड़ी , भाकपा आदि राजनीतिक दलों का समर्थन प्राप्त है. 

    राज्य स्तर पर  विभिन्न कर्मचारी संगठनाओं के साथ ही वंचित आघाड़ी के प्रकाश आंबेडकर, केंद्रीय मंत्री रामदास आठवले, भारतीय बौद्ध महासभा के भीमराव आंबेडकर, आनंदराज आंबेडकर, रिपब्लिकन पार्टी ऑफ इंडिया (गवई ग्रुप) के अध्यक्ष राजेंद्र गवई, साथ ही बीआरएसपी प्रमुख अधिवक्ता सुरेश माने, कांग्रेस के पूर्व मंत्री चंद्रकांत हांडोरे, धनगर समाज के नेता प्रकाश अन्ना शेंडगे, उपकार लक्ष्मण माने, पारधी समाज के नेता अप्पासाहेब सालुंखे व अधिवक्ता एच.पी.  पवार, रामु काले  आदि नेताओं ने आंदोलन को  समर्थन दिया है.