पोषण आहार का चावल घटिया, प्रयोगशाला की भी लगी मुहर

    गोंदिया. आंगनवाड़ी में पूर्ति किए जाने वाला पोषण आहार घटिया दर्जे का है, इस चावल को घटिया होने की मुहर प्रयोगशाला ने भी लगाई है. इस प्रकरण को शिवसेना के पदाधिकारियों ने उठाकर घटिया पोषण आहार पूर्ति की जांच करने की मांग की थी. उल्लेखनीय है कि गत आंगनवाड़ी में पूर्ति किया जाने वाला खाद्यान्न घटिया दर्जे का है.

    इस प्रकरण को अर्जुनी मोरगांव तहसील शिवसेना द्वारा घटिया आहार पूर्ति का मुद‍्दा उठाकर संबंधितों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने की मांग की गई थी. इस पर हस्तक्षेप कर महिला व बाल विकास प्रकल्प अधिकारी कार्यालय के माध्यम से पूर्ति किए गए चावल के नमूने प्रयोगशाला जांच के लिए भेजे गए थे.

    उक्त नमूनों की जांच में चावल स्वास्थ्य के लिए हानिकारक होकर वह खाने योग्य नही होने की बात नागपुर स्थित प्रादेशिक सार्वजनिक स्वास्थ्य प्रयोगशाला से 6 जुलाई 2021 को बाल विकास प्रकल्प अधिकारी को दिए अहवाल में कही गई है. जिससे आंगनवाडी केंद्रों को पूर्ति किया जाने वाला पोषण आहार घटिया दर्जे का होने की बात स्पष्ट हो गई है. अर्जुनी मोरगांव तहसील में 230 आंगनवाडी केंद्रों को 118 क्विंटल के लगभग चावल की पूर्ति की गई. इसमें अनेक लाभार्थियों को सड़ा व बदबूदार चावल वितरित किया गया था. 

    कार्रवाई के लिए सिफारिश की जाएगी : गणवीर

    इस संबंध में बाल विकास प्रकल्प अधिकारी गणवीर ने बताया कि यह सही है कि पूर्ति किया गया चावल निम्न दर्जे का था. इसका अनुबंध आयुक्त कार्यालय से हुआ है. जिससे अनुबंध मे जो अयोग्य चावल व अन्य वस्तु होगी उसे बदल कर देने की जिम्मेदारी पूर्तिधारक की है. इसके अनुसार जिस-जिस स्थानों पर इस तरह की पूर्ति की गई होगी वहां माल पूर्तिधारक बदल कर देगा. चावल का अहवाल मिल गया है. लेकिन पूर्ति किए गए अन्य 8 वस्तुओं के नमूने भी प्रयोगशाला में जांच के लिए भेजे गए थे. उसका अहवाल प्राप्त नहीं हुआ है. इस प्रकरण में निश्चित रूप से कार्रवाई का प्रस्ताव भेजा जाएगा.

    ठेका रद‍्द कर फौजदारी मामला दर्ज करें

    पूर्ति किया गया चावल अहवाल के अनुसार 100 प्रश. घटिया दर्ज किया है. लेकिन पूर्तिकर्ता ने केवल आंगनवाड़ी केंद्र जानवा स्थित 22 लाभार्थियों को चावल बदल कर दिया जिससे अन्य पालकों में रोष व्याप्त हो रह है. उस समय वितरित किया 118 क्विंटल चावल बदलना तो छोड दो, इसमें छोटे बालकों की जान से खेलने का प्रयास पूर्ति धारकों ने किया है. जिससे ठेका र‍द‍्द कर ठेकेदार सहित जिम्मेदार अधिकारी के खिलाफ फौजदारी मामला दर्ज करने की मांग पालकों ने की है. 

    बिना जानकारी वाले चावल पैकेट 

    जिले की अर्जुनी मोरगांव तहसील के आंगनवाडी केंद्रों में वितरित किए गए चावल के किसी भी पैकेट पर बैच नंबर व पैकिंग की तारीख नहीं थी. इसके बाद पूर्ति होने वाले पोषण आहार पर बैच नंबर, पैकिंग तारीख आउट डेटेड होने पर माल आंगनवाडी केंद्र में दें ऐसी सूचना विभाग ने दी है.