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नई दिल्ली. बिता शनिवार भारत (India) के देशवासियों के लिए देशवासियों के लिए बहुत महत्वपूर्ण रहा। गौरतलब है कि पिछले 10 महीने से विश्वव्यापी कोरोना महामारी (Corona Virus Pandemic) को ख़त्म करने का अब पुरजोर अभियान शुरू हो गया है। जिसकी शुरुआत में बीते शनिवार को स्वास्थ्य कर्मियों (Health Worker) को टीका लगाकर किया गया। अभियान के पहले दिन करीब 1,91,181 स्वास्थ्य कर्मियों को टीका लगाया गया। इस बात की जानकारी केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय (Union Ministry of Health) ने दी।राजधानी दिल्ली (Delhi) में कोरोना वैक्सीन के साइड इफ्केट के 52 मामले सामने आए हैं।वहीं तेलंगाना (Telangana) में ऐसे 11 मरीज हैं जिनमे इस प्रकार की परेशानी देखी गयी है।

इधर अब वैक्सीन के हल्के प्रतिकूल परिणामों के मामले साउथ दिल्ली और साउथ वेस्ट दिल्ली में सबसे ज्यादा देखे गए हैं। फिलहाल दोनों इलाकों में ऐसे 11 मामले अभी सामने आए हैं । उधर, NDMC के मुताबिक चरक पालिका अस्पताल के दो स्वास्थ्यकर्मियों में भी कोरोना वैक्सीन (Corona Vaccine) लगने के हल्के साइड इफेक्ट देखे गए हैं। इन दोनों को ही सीने में कसावट महसूस हुई। AEFI की टीम की निगरानी में दोनों को रखा गया था। सामान्य महसूस करने के आधे घंटे के बाद उन्हें डिस्चार्ज भी कर दिया गया था।

स्वास्थ्य मंत्रालय के मुताबिक वैक्सीनेशन (Corona Vaccination Drive) के पहले दिन लाभार्थियों के लिस्ट अपडेट करने में कुछ देरी की  समस्याएं सामने आईं थी। इसके अलावा कई जगहों पर ऐसे स्वास्थ्यकर्मियों को भी वैक्सीन लगाई गई है जो शनिवार के सेशन के लिए नामांकित नहीं थे। दोनों ही मामले का अब निदान कर दिया गया है।ऐसे में देखा जाए तो राजधानी दिल्ली में कोरोना वैक्सीन के साइड इफ्केट के 52 मामले सामने आए हैं। एक शख्स को अस्पताल में भर्ती भी करना पड़ा है। दिल्ली में वैक्सीनेशन अभियान के पहले दिन 4319 स्वास्थ्यकर्मियों को वैक्सीन लगाई गई है।

इसके पहले टीकाकरण अभियान के पहला दिन समाप्त होने के बाद स्वास्थ्य मंत्रालय ने आयोजित प्रेस वार्ता में कहा था कि, “कोरोना टीकाकरण अभियान का पहला दिन सफल रहा हैं। इस दौरान करीब 1,91,181 स्वास्थ्य कर्मियों को टीका लगाया गया। अब तक टीकाकरण के बाद अस्पताल में भर्ती होने का कोई मामला नहीं है।” इसके साथ ही स्वास्थ्य मंत्रालय ने कहा था कि, “सीरम संस्थान (SII) की कोविशिलङ (Covieshield) की आपूर्ति सभी राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों को किया गया था। वहीं दूसरी भारत बायोटेक (Bharat Biotech) को COVAXIN को 12 राज्यों को आपूर्ति की गई थी। दोनों टीकों के साथ देश भर में कुल 3351 सत्र का आयोजित किया गया।”