दिल्ली CP श्रीवास्तव ने कहा – हमने दिखाया संयम, हिंसा के लिए सभी किसान नेता ज़िम्मेदार 

नई दिल्ली: दिल्ली पुलिस (Delhi Police) कमिश्नर एसएन श्रीवास्तव (SN Shrivastava) ने हिंसा (Tractor Rally Violence) को लेकर बड़ा खुलासा किया है। बुधवार को आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में उन्होंने कहा, “दिल्ली में हुई हिंसा के लिए सभी किसान नेता (Farmer Leader) ज़िम्मेदार हैं। रैली के पहले सभी के साथ बैठक हुई थी लेकिन, किसान संगठन (Farmer Organizations) अपने वादे से मुकर गए और तय रास्ते से अलग होकर, वहां लगे बैरिकेड़ को तोड़ते हुए दिल्ली के अंदर घुस गए। इसके लिए दर्शनपाल सिंह (Darshan Pal Singh) और सतनाम सिंह पन्नू (Satnam Singh Pannu) ने लोगों को भड़काया।”

शर्तों के साथ रैली की इजाजत 

दिल्ली कमिशनर ने कहा, “दिल्ली के लोगों की सुरक्षा के हितों को ध्यान में रखते हुए, यह निर्णय लिया गया रैली में कुछ नियम और शर्तें लागू की गई थी इसके लिए उन्हें लिखित रूप में दिया गया था, जिसमें रैली दोपहर 12 बजे से शाम 5 बजे तक चलेगी, इसका नेतृत्व किसान नेताओं को करना पड़ेगा  और नेताओं को अपने समूहों के साथ होना चाहिए।” उन्होंने कहा, “यह भी उन्हें लिखित में दिया गया था कि 5000 से अधिक ट्रैक्टर (रैली में) नहीं होने चाहिए और उनके साथ कोई हथियार नहीं होना चाहिए

किसानों ने अपना वादा तोडा 

श्रीवास्तव ने कहा, “25 जनवरी की देर शाम तक, यह सामने आया कि किसान वादे से मुकर गए और वादा तोड़ दिया। वे आक्रामक और उग्रवादी तत्वों को सामने लाए जिन्होंने मंच पर कब्जा कर लिया और उत्तेजक भाषण दिए जिससे उनके इरादे स्पष्ट हो गए।”

उन्होंने कहा, “समझौते के अनुसार, हम चाहते थे कि रैली शांतिपूर्वक संपन्न हो। हमने किसानों से कहा कि कुंडली, मानेसर, पलवल पर ट्रैक्टर मार्च निकाले। हिंसा इसलिए हुई क्योंकि नियमों और शर्तों का पालन नहीं किया गया था। किसान नेता हिंसा में शामिल थे।”

राकेश टिकैत भी हिंसा में शामिल 

पुलिस कमिश्नर ने कहा, “गाजीपुर में किसान नेता राकेश टिकैत के साथ जो किसान मौजूद थे उन्होंने भी हिंसा की घटना को अंजाम दिया और आगे बढ़कर अक्षरधाम गए, हालांकि पुलिस द्वारा कुछ किसानों को वापस भेजा गया लेकिन कुछ किसानों ने पुलिस बैरिकेड तोड़े और लाल किले पहुंचे।”

394 पुलिसकर्मी हुए घायल 

पुलिस आयुक्त एसएन श्रीवास्तव ने कहा, “हिंसा में 394 पुलिस कर्मियों को चोटें लगीं (26 जनवरी को ट्रैक्टर रैली के दौरान) और उनमें से कई अभी भी अस्पतालों में भर्ती हैं। उनमें से कुछ आईसीयू वार्डों में भर्ती हैं।” 

25 से अधिक आपराधिक मामले दर्ज

कमिशनर ने कहा, “25 से अधिक आपराधिक मामले दिल्ली पुलिस ने दर्ज किए हैं। हम चेहरे की पहचान प्रणाली का उपयोग कर रहे हैं और आरोपी की पहचान करने के लिए सीसीटीवी और वीडियो फुटेज की मदद ले रहे हैं। किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा।” उन्होंने कहा, “19 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है और 50 लोगों को हिरासत में लिया गया है। उनसे पूछताछ की जा रही है।”

तिरंगे का अपमान नहीं सहेंगे 

श्रीवास्तव ने लालकिले अपर लगाए गए झंडे पर कहा, “हम दिल्ली में गैर-क़ानूनी तरीके से किए गए आंदोलन और उस दौरान हिंसा और लाल किले पर फहराए गए झंडे को बड़ी गंभीरता से ले रहे हैं।” वहीं हिंसा के लिए जिम्मदार दीप सिधु के खिलाफ कार्रवाई पर उन्होंने कहा, “इसमें जो भी शामिल था, उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी । मामले दर्ज किए गए हैं। जांच के दौरान, कई नाम सामने आएंगे और उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।”