10 जिलों में स्थिति गंभीर, 45 वर्ष से अधिक उम्र वालों की 88 प्रतिशत मौतें

    नई दिल्ली: देश में कोरोना वायरस (Corona Virus) की दूसरी लहर शुरू हो गई है। जिसके कारण एक बार फिर संक्रमितों की संख्या में लगातार वृद्धि हो रही है। इसी को लेकर केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय (Ministry of Health And Family Welfare ) ने पत्रकार वार्ता का आयोजन किया। इसमें जानकारी देते हुए स्वास्थ्य सचिव राजीव भूषण (Rajesh Bhushan) ने कहा, “देश के नौ जिलों में कोरोना वायरस की स्थिति गंभीर बनी हुई है। वहां लगातार मामले बढ़ रहे हैं। इसी के साथ देश में कोरोना से मरने वालों में 88 प्रतिशत संख्या 45 वर्ष से ज्यादा उम्र के लोग की है।

    भूषण ने कहा, “कोरोना वायरस के सक्रिय मामले 10 ज़िलों में केंद्रित हैं, ये ज़िले हैं- पुणे, नागपुर, मुंबई, ठाणे, नासिक,औरंगाबाद, बेंगलुरु अर्बन, नांदेड, जलगांव, अकोला। जिन 10 ज़िलों में सक्रिय मामले केंद्रित हैं उनमें से 9 ज़िले महाराष्ट्र और एक ज़िला कर्नाटक का है।”

    महाराष्ट्र और पंजाब चिंता का विषय 

    स्वास्थ्य सचिव ने कहा, “दो राज्य महाराष्ट्र और पंजाब हमारे लिए गंभीर चिंता का विषय हैं। महाराष्ट्र में पिछले 24 घंटे में कोरोना वायरस के 28,000 से ज़्यादा नए मामले आए और पंजाब में अपनी कुल जनसंख्या के अनुपात में बहुत अधिक संख्या में नए मामले आ रहे हैं।”

    उन्होंने कहा, “उनके अलावा, गुजरात और एमपी भी चिंता का विषय हैं। गुजरात प्रतिदिन लगभग 1700 मामलों की रिपोर्टिंग करता है और लगभग 1500 मामलों में सांसद। गुजरात में ज्यादातर मामले सूरत, अहमदाबाद, वडोदरा, राजकोट और भावनगर में केंद्रित हैं। एमपी में, यह भोपाल, इंदौर, जबलपुर, उज्जैन और बैतूल में केंद्रित है।”

    एक अप्रैल से 45 वर्ष के ज्यादा लोगों को वैक्सीन

    स्वास्थ्य मंत्रालय ने कहा, “सरकार ने फैसला लिया कि एक अप्रैल से 45 वर्ष से अधिक उम्र के नागरिक वैक्सीन लगवा सकते हैं। ये फैसला इसलिए लिया गया क्योंकि हमारे देश में कोरोना वायरस की कुल मौतों की 88% मौतें 45 वर्ष और उससे अधिक उम्र के लोगों की हैं।” 

    नए वेरियंट वेरिएंट के 771 मामले

    राष्ट्रीय रोग नियंत्रण केंद्र (एनसीडीसी) के निदेशक डॉ. एसके सिंह ने कहा, “18 राज्यों में कोरोना वायरस वेरिएंट के 771 मामलों का पता चला है, जिनमें ब्रिटेन के 736, दक्षिणी अफ्रीकी संस्करण के 34 और ब्राजील के 1 प्रकार हैं।”

    वैक्सीन आपूर्ति की कोई अपर्याप्तता नहीं

    नीति आयोग में स्वास्थ्य सचिव डॉ. वीके पॉल ने कहा, “हमारे पास COVID19 टीकाकरण कार्यक्रम के लिए टीके की पर्याप्त आपूर्ति है जिसे आगे लाया गया है। वैक्सीन आपूर्ति की कोई अपर्याप्तता नहीं है।”