हर्षवर्धन के बयान से बवाल, कांग्रेस का विधायक मारने दौड़ा

नयी दिल्ली, लोकसभा में शुक्रवार को प्रश्नकाल के दौरान उस समय हंगामेदार स्थिति बन गयी जब स्वास्थ्य मंत्री हर्षवर्धन ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी के एक प्रश्न का उत्तर देने से पहले प्रधानमंत्री

नयी दिल्ली, लोकसभा में शुक्रवार को प्रश्नकाल के दौरान उस समय हंगामेदार स्थिति बन गयी जब स्वास्थ्य मंत्री हर्षवर्धन ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी के एक प्रश्न का उत्तर देने से पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के बारे में गांधी के एक बयान की आलोचना शुरू कर दी । इस पर कांग्रेस के एक सदस्य हंगामा करते हुए सत्तापक्ष की अग्रिम पंक्ति तक पहुंच गये। खबर यह भी है जब हर्षवर्धन बोल रहे थे तब  कांग्रेस सांसद मणिकम टैगोर उन्हें मारने के लिए दौड़े । विवाद बढ़ता देख लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने सदन की बैठक दोपहर एक बजे तक के लिए स्थगित कर दी। 

 
प्रश्नकाल के दौरान बिरला ने राहुल गांधी को चिकित्सा महाविद्यालयों की स्थापना से संबंधित उनका पूरक प्रश्न पूछने के लिए कहा।  हर्षवर्धन ने कहा कि राहुल गांधी के प्रश्न का उत्तर देने से पहले मैं प्रधानमंत्री मोदी के खिलाफ उनके एक बयान का उल्लेख करना चाहूंगा और उसकी निंदा करना चाहूंगा जिसमें उन्होंने कहा था कि छह महीने बाद देश के युवा प्रधानमंत्री को डंडे मारेंगे। इसी दौरान कांग्रेस के सदस्य जोरदार तरीके से विरोध दर्ज कराने लगे और पार्टी सदस्य मणिकम टैगोर सत्ता पक्ष की अग्रिम पंक्ति के पास गुस्से में पहुंच गए और दूसरी पंक्ति में जवाब दे रहे हर्षवर्धन के ठीक सामने पहुंचकर हाथ दिखाकर विरोध जताने लगे।लोकसभा में मौजूद अन्य सत्ता पक्ष के लोग यह भी कह रहे थे की टैगोर हर्षवर्धन के साथ हिंसा कर सकते थे। बीजेपी  सांसद जगदम्बिका पाल ने इस पर कहा कि " जब केंद्रीय मंत्री हर्षवर्धन राहुल गांधी के बयान पर लोकसभा में बोल रहे थे, तभी  कांग्रेस सांसद मणिकम टैगोर ने उनके सामने पहुँच गए और वे उनसे हाथापाई भी कर सकते थे। यह लोकतंत्र के लिए सह में एक दुर्भाग्यपूर्ण घटना है"।

 
तमिलनाडु से कांग्रेस सदस्य टैगोर, हर्षवर्धन के बिल्कुल सामने पहुंच गये थे जिन्हें रोकने के लिए कई मंत्री और भाजपा सांसद आगे आ गये। टैगोर के पीछे-पीछे केरल से कांग्रेस सदस्य हिबी इडेन भी सत्तापक्ष की ओर पहुंच गये।  इस दौरान संसदीय कार्य राज्यमंत्री अर्जुन राम मेघवाल, महिला और बाल विकास मंत्री स्मृति ईरानी सहित कई मंत्री और भाजपा सदस्य उन्हें रोकने के लिए पहुंच गये।   भाजपा सांसद ब्रजभूषण शरण सिंह ने सबसे पहले पहुंचकर टैगोर को रोकने का प्रयास किया और वह उनसे नाराजगी में कुछ कहते भी दिखे।   इस दौरान हंगामे की स्थिति बन गयी और अध्यक्ष बिरला ने करीब 11:50 बजे सदन की बैठक दोपहर एक बजे तक के लिए स्थगित कर दी।   गौरतलब है कि दिल्ली की एक चुनावी सभा में बुधवार को गांधी ने कहा था कि मौजूदा समय में जो हालात हैं उसे देखकर कहा जा सकता है कि छह महीने में प्रधानमंत्री को युवा डंडे मारेंगे।