Taliban delegation once again reached Pakistan, Imran Khan said - ' we welcome progress'

नई दिल्ली: आर्थिक संकट से जूझ रहे पाकिस्तान कोफाइनेंशियल एक्शन टास्क फोर्स (एफएटीएफ) से राहत भरी ख़बर मिला हैं. मिली जानकारी के अनुसार काली सूचि में डाले जाने से बचते हुए पाकिस्तान फिलहाल

नई दिल्ली: आर्थिक संकट से जूझ रहे पाकिस्तान को फाइनेंशियल एक्शन टास्क फोर्स (एफएटीएफ) से राहत भरी ख़बर मिला हैं. मिली जानकारी के अनुसार काली सूचि में डाले जाने से बचते हुए  पाकिस्तान फिलहाल मौजूदा ग्रे लिस्ट में ही रहेगा. समाचार एजेंसी के सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार सुनवाई के दौरान मलेशिया और तुर्की ने पाकिस्तान के समर्थन में बात कि जिसके वजह से वह बच गया.  
 
एफएटीएफ के इंटरनेशनल को-ऑपरेशन रिव्यू ग्रुप ने मंगलवार को पाकिस्तान के मुद्दे पर चर्च हुई. जिसपर मलेशिया और तुर्की ने पाकिस्तान का समर्थन करते हुए उसे समय देने को कहा हैं. 
 
फाइनेंशियल एक्शन टास्क फोर्स ने सोमवार को पाकिस्तान का बिना नाम लेते हुए कहा था कि, " संस्था द्वारा आतंक के वित्त पोषण पर सख्ती के बावजूद गैरकानूनी गतिविधियों और दुनिया भर में समर्थकों से जुटाए गए धन से कई आतंकवादी समूहों को अभी भी फायदा मिल रहा है."
 
संस्था ने कहा, " आतंकवादी संगठन विभिन्न तरीकों से धन पाने कि कोशिश कर रहें हैं. जिसमे सोशल मीडिया का इस्तमाल भी शामिल हैं. आगे बोलते हुए कहा, " संस्था ने आतंक के वित्तपोषण पर बनाए नियमों   को सख्त बनाया है, जिससे आईएसआईएल और अल-कायदा जैसे समूहों की धन तक पहुंच घटाने में मदद मिली है. लेकिन फिर भी विभिन्न समूह गैरकानूनी गतिविधियों और समर्थकों से धन जुटा रहे हैं."
 
बतादें कि, भारत समेत दुनिया के कई देश पाकिस्तान पर लश्कर, हक्कानी नेटवर्क, तालिबान, जैश ए मोहम्मद जैसे आतंकी संगठन को सहायता करने का आरोप लगते रहे हैं. इसी को लेकर 2018 में फाइनेंशियल एक्शन टास्क फोर्स ने पाकिस्तान को ग्रे लिस्ट में डाला था.