पश्चिम बंगाल में पीएम का आज दूसरा दिन, सुबह सुबह कि बेलूर मठ में साधु-संतों से मुलाकात

कोलकाता: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का आज कोलकाता दौरे पर दूसरा दिन हैं। दूसरे दिन यानि आज उन्होंने सुबह सुबह तस्वीरें ट्विटर पर शेयर की और लिखा कि बेलूर मठ में साधु-संतों के साथ गुजारे गए पल।

कोलकाता: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का आज कोलकाता दौरे पर दूसरा दिन हैं। दूसरे दिन यानि आज उन्होंने सुबह सुबह तस्वीरें ट्विटर पर शेयर की और लिखा कि बेलूर मठ में साधु-संतों के साथ गुजारे गए पल। प्रधानमंत्री रामकृष्ण मठ पहले भी आ चुके हैं। नरेंद्र मोदी युवावस्था में स्वामी विवेकानंद के विचारों से इतने प्रभावित हुए थे कि उन्होंने तपस्वी बनने का फैसला कर लिया था। 60 के दशक में वह पहली बार बेलूर मठ गए। जिसके बाद यह रामकृष्ण मंदिर पहुंचे जहा उन्होंने पूजा अर्चना की। बता दें कि आज स्वामी विवेकानंद का जन्मदिन भी है। इस मौके पर पीएम मोदी यहां लगभग 5 से 6 हजार छात्रों को संबोधित करेंगे।   

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी बेलूर मठ में मंच पर पहुंच चुके हैं. यहां पर वे छात्रों को संबोधित करेंगे। इस मौके पर लगभग 5 से 6 हजार लोग मौजूद है। पीएम मोदी वैदिक मंत्रोच्चार के साथ रामकृष्ण मठ में पूजा-अर्चना में शामिल हो रहे हैं। पीएम मोदी बेलूर मठ में मौजूद लोगों को संबोधित कर रहे हैं।  पीएम मोदी ने कहा कि बेलूर मठ आना तीर्थयात्रा की तरह है। पीएम मोदी ने कहा कि वे सौभाग्यशाली हैं कि उन्हें बेलूर मठ में रातभर रहने को मौका मिला है। पीएम ने इसके लिए बेलूर मठ प्रशासन और पश्चिम बंगाल सरकार का धन्यवाद दिया। पीएम ने कहा कि प्रोटोकॉल की मजबूरियों के बावजूद ये सब संभव हो सका है, इसके लिए वे सरकार के आभारी हैं।  

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि दुनिया में युवाओं की आबादी भारत में सबसे ज्यादा है। उन्होंने कहा कि भारत के युवा जिस मुहिम में जुड़ते हैं, उसकी सफलता तय है। पीएम ने कहा कि कुछ साल पहले तक युवा करप्शन के खिलाफ सड़कों पर खड़े थे, तब लगता था कि इसे लेकर परिवर्तन संभव नहीं है, लेकिन अब बदलाव साथ दिख रहा है। पीएम ने कहा कि डिजिलट लेन-देन, स्वच्छता अभियान जैसे मुहिम युवाओं की भागीदारी के बदौलत कामयाब हो रहे हैं। 

उन्होंने ट्वीट कि पिछली बार जब यहां आया था तो गुरुजी, स्वामी आत्मआस्थानंद जी के आशीर्वचन लेकर गया था। आज वो शारीरिक रूप से हमारे बीच विद्यमान नहीं हैं। लेकिन उनका काम, उनका दिखाया मार्ग, रामकृष्ण मिशन के रूप में सदा हमारा मार्ग प्रशस्त करता रहेगा। 

कल दौरे के पहले दिन शनिवार को कोलकाता में पीएम का खासा व्यस्त कार्यक्रम था। ममता बनर्जी बेशक सियासत में उनकी धुर-विरोधी हैं लेकिन प्रोटोकॉल के तहत ममता बनर्जी ने पीएम मोदी से मुलाक़ात की। प्रधानमंत्री के साथ राज भवन में बैठक के बाद मुख्यमंत्री ने संवाददाताओं से कहा कि मोदी ने उन्हें नई दिल्ली आकर राज्य के मुद्दों पर चर्चा करने के लिए कहा है। सीएम ने प्रधानमंत्री के साथ बैठक को ‘शिष्टाचार भेंट’ करार दिया।

बनर्जी ने कहा कि उन्होंने प्रधानमंत्री के सामने बकाया वित्तीय सहायता के विषय को उठाया, जिसे राज्य को केंद्र से मिलना अभी बाकी है। टीएमसी चीफ ने कहा, ‘मैंने उन्हें यह भी कहा कि सीएए, एनआरसी और एनपीआर के खिलाफ पूरे देश में विरोध प्रदर्शन हो रहे हैं. मैंने उन्हें बताया कि हम सीएए, एनआरसी और एनपीआर के खिलाफ हैं। मैंने उनसे कहा कि वह इन मुद्दों पर फिर से विचार करें और सीएए वापस लें।