RAHUL-GANDHI

नयी दिल्ली. कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने पवन उर्जा संयंत्रों के इस्तेमाल से स्वच्छ पेयजल पैदा करने संबंधी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सुझाव को लेकर शुक्रवार को उन पर कटाक्ष किया जिसके बाद भाजपा नेताओं ने पलटवार करते हुए कहा कि कांग्रेस नेता को विज्ञान पत्रों को पढ़ने की जरूरत है।

राहुल गांधी ने एक पवन ऊर्जा कंपनी के सीईओ के साथ प्रधानमंत्री की बातचीत संबंधी वीडियो शेयर करते हुए ट्वीट किया, ‘‘भारत को असली खतरा यह नहीं है कि हमारे प्रधानमंत्री को समझ नहीं है, बल्कि यह है कि उनके ईद-गिर्द के लोगों में से, किसी में उन्हें इस बारे में बताने की हिम्मत नहीं है।” इस वीडियो में प्रधानमंत्री यह कहते सुने जा सकते हैं कि पवन ऊर्जा संयंत्र का इस्तेमाल करके न सिर्फ ऊर्जा, बल्कि ऑक्सीजन और स्वच्छ पेयजल पैदा किया जा सकता है।

राहुल गांधी के कटाक्ष को लेकर केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल ने पलटवार करते हुए कहा, ‘‘राहुल गांधी के ईद-गिर्द किसी को यह बताने की हिम्मत नहीं है कि उन्हें समझ नहीं है। उन्होंने उस विचार के लिए प्रधानमंत्री का मजाक बनाया जिसे दुनिया की एक बड़ी कंपनी के सीईओ ने समर्थन किया।”

भाजपा प्रवक्ता संबित पात्रा ने कांग्रेस नेता पर निशाना साधते हुए कहा, ‘‘राहुल जी, कल आप रात में उठ जाइए और दो विज्ञान पत्र पढ़िए जिन्हें मैंने यहां संलग्न किया है। हालांकि मुझे पता है कि आप इस विषय की जटीलता को नहीं समझ पाओगे।” पात्रा ने दो खबरें शेयर की जिनमें कहा गया है कि पवन ऊर्जा संयंत्र के इस्तेमाल से पानी पैदा किया जा सकता है।

भाजपा के सोशल मीडिया विभाग के प्रमुख अमित मालवीय ने भी राहुल गांधी पर हमला बोला। उन्होंने ट्वीट कर कहा, ‘‘अज्ञानता का कोई इलाज नहीं है। राहुल गांधी समझते हैं कि हर कोई उनकी तरह ही अज्ञानता में है। वह प्रधानमंत्री के उस विचार का मजाक उड़ाते हैं जिसे दुनिया की प्रमुख पवन ऊर्जा निर्माता कंपनी के सीईओ प्रेरक बताते हैं।”

राहुल गांधी अक्सर प्रधानमंत्री पर उनके बयानों और सुझावों को लेकर हमले करते रहते हैं। इस बीच पृथ्वी विज्ञान मंत्रालय ने कहा कि तकनीकी तौर पर पवन ऊर्जा संयंत्र का इस्तेमाल करके हवा में आर्द्रता से जल पैदा किया जाना और हवा से ऑकसीजन को अलग किया जाना संभव है। मंत्रालय ने कहा कि समाज के हित में वह इस चुनौती को स्वीकार करने को तैयार है। (एजेंसी)