आईसीएमआर ने कहा, ”कोरोना से संक्रमित लोगों को बचाने दी जाएगी यह दावा ”

नई दिल्ली: कोरोना वायरस से संक्रमित मामले बड़ी तेजी से बढ़ते जा रहे हैं. जिसके कारण देश के सभी राज्यों ने 31 मार्च तक लॉक डाउन लगा दिया हैं. वहीँभारतीय चिकित्सा अनुसंधान परिषद ने संक्रमित लोगों

नई दिल्ली: कोरोना वायरस से संक्रमित मामले बड़ी तेजी से बढ़ते जा रहे हैं. जिसके कारण देश के सभी राज्यों ने 31 मार्च तक लॉक डाउन लगा दिया हैं. वहीँ भारतीय चिकित्सा अनुसंधान परिषद ने संक्रमित लोगों को दी जाने वाली दवाओं के बारे में जानकारी देते हुए कहा की, " कोरोना से संक्रमित मरीजों को हम ठीक होने के लिए मलेरिया के दौरान दिए जाने वाली " हाइड्रोक्लोरोक्वीन" देने का निर्णय लिया हैं. जिससे लोगों को जल्दी ठीक होने में मदद मिलेगी." इस दौरान भारतीय चिकित्सा अनुसंधान परिषद के डायरेक्टर बलराम राघव और स्वास्थ्य मंत्रालय के संयुक्त सचिव लव अग्रवाल उपस्तिथ थे. 

कोरोना वायरस को लेकर पत्रकार सम्मेलन में जानकरी देते भारतीय चिकित्सा अनुसंधान परिषद के महानिदेशक बलराम राघव ने कहा, " कोरोना वायरस से संक्रमित बहुत गंभीर मामलों पर हाइड्रोक्लोरोक्वीन दिए जाने का निर्णय लिया है." उन्होंने कहा, " आम तौर पर इसे कोरोना से संक्रमित लोगों की देखभाल करने वाले कर्मचारियों और चिकित्सकों दी जाती हैं. जिससे वह संक्रमित होने से बच सके " 

किट निर्माण में तेजी 
महानिदेशक ने राघव कहा, " आईसीएमआर-एनआईवी पुणे में किट निर्माण की प्रक्रिया तेज किया गया हैं. दो किट निर्माता पहले से ही स्वीकृत हैं." उन्होंने कहा, " मैं स्पष्ट करना चाहूंगा कि इसके लिए खाद्य और औषधि प्रशासन की अनुमति जरुरी नहीं है. आईसीएमआर-एनआईवी अनुमोदित परीक्षण जो फास्ट-ट्रैक आधार पर किए जाएंगे, वह कोरोना वायरस के परिक्षण के लिए भी स्वीकार्य होंगे."

प्राइवेट जाँच कंपनिया नियुक्त 
आईसीएमआर महानिदेशक ने कहा, " कोरोना संक्रमण की जाँच के लिए 12 प्रयोगशाला श्रृंखलाएं पंजीकृत की गई हैं और उन्होंने काम करना शुरू कर दिया है.इन 12 के देश भर में 15,000 संग्रह केंद्र हैं. जहां जाँच के लिए नमूने दे सकते हैं. 

संक्रमित मरीजों की संख्या 415 
स्वस्थ्य विभाग के सचिव लव अग्रवाल ने जानकारी देते हुए बताया कि," देश को कोरोना से संक्रमित कुल 415 मामले सामने आए हैं. जिसमे सात लोगों की मौत हुई  हैं. इसी के साथ 23 लोग ठीक होकर अपने घर जा चुके हैं. 

गौरतलब है कि, कोरोना से बचने के लिए देश के 10 से ज्यादा राज्यों ने लॉक डाउन की घोषणा की हैं. लेकिन लोगों द्वारा बनाए गए नियमों को ज्यादा नहीं मानाने पर पंजाब और महाराष्ट्र की सरकार ने और कड़े कदम उठाते हुए राज्य में कर्फ्यू लगाने की घोषणा कर दी हैं. इसी के साथ घरेलु उड़ानों पर भी प्रतिबंध लगा दिया हैं. इस दौरना दवाई, किराना, और दिनों दिन इस्तमाल होने वाली चीजों की दुकाने खुली रहेगी.